मुंबई झीलों का जलस्तर आज: 24 घंटे की बारिश से बांधों में पानी बढ़कर 88.40% पहुंचा, शहर के लिए बड़ी राहत
रविवार 26 जुलाई सुबह तक यह जलभंडार 86.18% दर्ज किया गया था. इस प्रकार महज एक दिन में कुल जल क्षमता में 2.22% की बढ़ोतरी हुई है. कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही वर्षा से जलाशयों में पानी की आवक तेजी से बनी हुई है.
मुंबई झीलों का जलस्तर आज: मुंबई (Mumbai) को पीने का पानी आपूर्ति करने वाले सात प्रमुख जलाशयों के जलग्रहण क्षेत्रों में बीते 24 घंटों के दौरान हुई तेज बारिश के बाद जलभंडार में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है. बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) के आंकड़ों के अनुसार, रविवार 26 जुलाई 2026 सुबह 6:00 बजे से सोमवार 27 जुलाई 2026 सुबह 6:00 बजे तक के 24 घंटों में सात झीलों का कुल जलस्तर बढ़कर 88.40% हो गया है.
रविवार 26 जुलाई सुबह तक यह जलभंडार 86.18% दर्ज किया गया था. इस प्रकार महज एक दिन में कुल जल क्षमता में 2.22% की बढ़ोतरी हुई है. कैचमेंट एरिया में लगातार हो रही वर्षा से जलाशयों में पानी की आवक तेजी से बनी हुई है. यह भी पढ़े: मुंबई झीलों का जलस्तर आज: पिछले 24 घंटे की भारी बारिश से बढ़ा जल भंडार, कुल स्टॉक 77.62 फीसदी तक पहुंचा
मुंबई की झीलों का जलस्तर बढ़ा
रविवार ,दिनांक २६ जुलै २०२६ सकाळी ६ ते सोमवार, दिनांक २७ जुलै २०२६ सकाळी ६ या २४ तासात झालेल्या पावसामुळे मुंबईला पाणी पुरवठा करणाऱ्या ७ जलाशयांचा साठा ८८.४० % झाला आहे .
गेल्या २४ तासात जलाशय साठ्यात २.२२ % वाढ झाली आहे. #MyBMCUpdates pic.twitter.com/BS5cZPWx7S
— माझी Mumbai, आपली BMC (@mybmc) July 27, 2026
जलभंडार में 2.22% का उछाल
बीएमसी के जल विभाग द्वारा जारी सुबह 6 बजे की रिपोर्ट के अनुसार, झीलों के जलग्रहण क्षेत्रों में बीते दिन अच्छी बारिश दर्ज की गई. इस वजह से झीलों का संचित जल स्तर 86.18% से बढ़कर 88.40% के स्तर पर पहुंच गया.
विशेषज्ञों का कहना है कि जुलाई के अंतिम सप्ताह में जलभंडार का 88% से अधिक होना शहर के जल आपूर्ति प्रबंधन के दृष्टिकोण से एक बेहद सकारात्मक संकेत है.
किन झीलों से होती है मुंबई को पानी की आपूर्ति?
मुंबई महानगरपालिका क्षेत्र में पीने के पानी की दैनिक आवश्यकता की पूर्ति के लिए सात प्रमुख जलाशयों पर निर्भरता रहती है. इनमें शामिल हैं:
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तुलसी झील (Tulsi)
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विहार झील (Vehar)
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तानसा बांध (Tansa)
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मोडक सागर (Modak Sagar)
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अपर वैतरणा (Upper Vaitarna)
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मिडिल वैतरणा (Middle Vaitarna)
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भातसा बांध (Bhatsa)
इन सातों जलाशयों की कुल भंडारण क्षमता लगभग 14,47,363 मिलियन लीटर (ML) है. इनमें से तुलसी, बिहार और मोडक सागर जैसे जलाशय पहले ही अपनी पूर्ण क्षमता तक भरकर ओवरफ्लो हो चुके हैं.
पानी की स्थिति और आगे की राह
मुंबई शहर को प्रतिदिन लगभग 3,850 से 3,900 मिलियन लीटर पानी की आवश्यकता होती है. मानसून सीजन के दौरान यदि जलाशयों में 100% जलभंडार हो जाता है, तो पूरे साल (अगले मानसून तक) शहर में बिना किसी जल कटौती के सुचारू आपूर्ति की जा सकती है.
वर्तमान में जलभंडार 88% के पार पहुंचने से आने वाले महीनों के लिए पानी की स्थिति मजबूत हुई है. यदि कैचमेंट क्षेत्रों में बारिश का यह सिलसिला अगले कुछ दिनों तक जारी रहता है, तो अन्य मुख्य जलाशयों के भी पूरी तरह भरने की उम्मीद जताई जा रही है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 27, 2026 09:11 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

