Bihar: एक तरफ खाकी का फर्ज, दूसरी ओर मां की ममता, सीएम की सुरक्षा ड्यूटी में बच्चे को गोद में लिए दिखी महिला सिपाही; VIDEO
वीडियो वायरल होने पर जब संवाददाताओं ने महिला सिपाही से बात की, तो उन्होंने कहा कि सुरक्षा की जो जिम्मेदारी उन्हें सौंपी गई है, उसे सही तरीके से निभाना उनकी पहली प्राथमिकता है.
बिहार के रोहतास (सासाराम) जिले से खाकी के फर्ज और मातृत्व के गहरे संतुलन की एक भावुक कर देने वाली तस्वीर सामने आई है. सासाराम में वीवीआईपी सुरक्षा व्यवस्था के दौरान तैनात महिला सिपाही ममता कुमारी अपने एक वर्षीय मासूम बच्चे को गोद में संभाले हुए मुस्तैदी से सुरक्षा ड्यूटी निभाती नजर आईं. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) सहित अन्य माध्यमों पर तेजी से वायरल हो रहा है.
एक तरफ खाकी का फर्ज, दूसरी ओर मां की ममता
सासाराम में आयोजित सरकारी कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे. प्रवेश द्वार के सुरक्षा घेरे में तैनात महिला कांस्टेबल ममता कुमारी एक हाथ से अपने बच्चे को संभाले हुए थीं और दूसरे हाथ से आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रही थीं.
कड़ी धूप और मुस्तैदी भरे सुरक्षा माहौल के बीच महिला सिपाही ने अपनी ड्यूटी से कोई समझौता नहीं किया और दोनों जिम्मेदारियों को एक साथ बखूबी निभाया.
एक तरफ खाकी का फर्ज, दूसरी ओर मां की ममता
मां से बड़ा कोई योद्धा नहीं...बिहार CM की सुरक्षा में महिला पुलिसकर्मी
बिहार मुख्यमंत्री की सुरक्षा ड्यूटी में तैनात एक महिला सिपाही की तस्वीर चर्चा में हैं वह ड्यूटी के दौरान अपने छोटे बच्चे को गोद में लिए मां और एक पुलिसकर्मी दोनों की जिम्मेदारी निभा रही है
वीडियो बिहार के रोहतास में सीएम की सुरक्षा में लगी एक महिला सिपाही का है.
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— AajTak (@aajtak) October 7, 2026
सोशल मीडिया पर जमकर हो रही सराहना
वायरल वीडियो सामने आने के बाद आम नागरिकों के साथ-साथ सोशल मीडिया यूजर्स भी महिला सिपाही की कर्तव्यनिष्ठा की सराहना कर रहे हैं. कई यूजर्स ने लिखा कि यह दृश्य साबित करता है कि एक महिला अपने परिवार और देश सेवा दोनों की जिम्मेदारियां बिना किसी शिकायत के एक साथ निभा सकती है.
वीडियो वायरल होने पर जब संवाददाताओं ने महिला सिपाही से बात की, तो उन्होंने कहा कि सुरक्षा की जो जिम्मेदारी उन्हें सौंपी गई है, उसे सही तरीके से निभाना उनकी पहली प्राथमिकता है.
कार्यस्थल पर महिला कर्मचारियों के संघर्ष को दर्शाती तस्वीर
यह घटना केवल एक पुलिसकर्मी की निष्ठा की कहानी नहीं है, बल्कि उन तमाम कामकाजी महिलाओं की दोहरी चुनौती को भी उजागर करती है जो छोटे बच्चों की परवरिश के साथ-साथ अपनी नौकरी का दायित्व भी उठाती हैं. प्रशासनिक हलकों में भी महिला पुलिसकर्मियों के लिए बच्चों की देखभाल से जुड़ी सुविधाओं (जैसे शिशु गृह या क्रैच सुविधा) को और बेहतर बनाने की जरूरत पर चर्चा शुरू हो गई है
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 07, 2026 05:53 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

