मुंबईकरों के लिए खुशखबरी, दिवाली तक फिर दौड़ेंगी आइकॉनिक डबल-डेकर बसें, BEST के कायाकल्प के लिए 28,000 करोड़ का ब्लूप्रिंट तैयार

मुंबई की जीवन रेखा मानी जाने वाली BEST ने शहर के सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है. बेस्ट प्रशासन ने 5 अगस्त 2026 को जानकारी दी कि आगामी दिवाली त्योहार तक मुंबई की सड़कों पर आइकॉनिक डबल-डेकर बसों को फिर से शुरू करने की योजना बनाई गई है

(Photo Credits WC)

मुंबई: मुंबई की जीवन रेखा मानी जाने वाली बृहन्मुंबई इलेक्ट्रिक सप्लाई एंड ट्रांसपोर्ट (BEST) ने शहर के सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है. बेस्ट प्रशासन ने 5 अगस्त 2026 को जानकारी दी कि आगामी दिवाली त्योहार तक मुंबई की सड़कों पर आइकॉनिक डबल-डेकर बसों को फिर से शुरू करने की योजना बनाई गई है. इसके साथ ही उपक्रम को वित्तीय संकट से उबारने और सुविधाओं में सुधार के लिए 28,000 करोड़ रुपये का व्यापक पुनरुद्धार ब्लूप्रिंट भी तैयार किया गया है.

पेरिस और सिंगापुर की तर्ज पर विकसित होंगे बस डिपो

28,000 करोड़ रुपये की इस महायोजना के तहत मुंबई के 22 प्रमुख बस डिपो का कायाकल्प किया जाएगा. इन डिपो को सिंगापुर, पेरिस, लंदन और हॉन्गकॉन्ग जैसे वैश्विक शहरों के ट्रांसपोर्ट हब की तर्ज पर विकसित करने का प्रस्ताव है. यह भी पढ़े:  BEST Bus Strike Update: मुंबई में बेस्ट बस सेवाएं फिर शुरू, डिप्टी सीएम शिंदे के आश्वासन बाद कर्मचारियों ने खत्म की हड़ताल

पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) और 'डिजाइन, बिल्ड, फाइनेंस, ऑपरेट एंड ट्रांसफर' (DBFOT) मॉडल के तहत डिपो की जमीन का व्यावसायिक उपयोग किया जाएगा. इन परिसरों में बसों की पार्किंग के अलावा शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, बेसमेंट पार्किंग, शैक्षणिक संस्थान, अस्पताल और कर्मचारियों के लिए आधुनिक आवास बनाए जाएंगे.

दिवाली तक डबल-डेकर बसों की वापसी की तैयारी

मुंबई की पहचान रही डबल-डेकर बसों की कमी को दूर करने के लिए बेस्ट प्रशासन तेजी से काम कर रहा है. नई इलेक्ट्रिक और वातानुकूलित (AC) डबल-डेकर बसों को चरणबद्ध तरीके से बेड़े में शामिल किया जाएगा.

प्रशासन का लक्ष्य है कि दिवाली तक प्रमुख रूटों पर इन बसों का परिचालन शुरू कर दिया जाए, जिससे यात्रियों को आरामदायक और पर्यावरण-अनुकूल सफर का अनुभव मिल सके.

28,000 करोड़ रुपये के फंड का उपयोग

बेस्ट पर वर्तमान में जमा घाटे और देनदारियों का भारी बोझ है. डिपो पुनर्विकास से प्राप्त होने वाले राजस्व का उपयोग निम्नलिखित कार्यों के लिए किया जाएगा:

जमीन के स्वामित्व पर सरकार का स्पष्टीकरण

डिपो पुनर्विकास योजना को लेकर विपक्ष और कर्मचारी यूनियनों द्वारा उठाए गए सवालों पर राज्य सरकार और बेस्ट प्रशासन ने साफ किया है कि डिपो की जमीन किसी भी निजी डेवलपर को बेची नहीं जाएगी.

भूमि का मालिकाना हक पूरी तरह से बेस्ट के पास ही रहेगा. इस परियोजना से न केवल बेस्ट की वित्तीय स्थिति मजबूत होगी, बल्कि मुंबई में यात्रियों को विश्वस्तरीय परिवहन सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी.

Share Now