Monsoon 2026 Update: महाराष्ट्र की दहलीज पर पहुंचा मानसून 2026, शनिवार-रविवार को होगी आधिकारिक एंट्री, जानें मौसम का हाल

देश में दक्षिण-पश्चिम मानसून (Southwest Monsoon) की रफ्तार लगातार बेहतर बनी हुई है. 5 जून को गोवा में सफल दस्तक देने के बाद अब मानसूनी हवाएं महाराष्ट्र की दहलीज पर पहुंच चुकी हैं. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, शनिवार और रविवार (6-7 जून 2026) को मानसून महाराष्ट्र में किसी भी समय प्रवेश कर सकता है. अरब सागर के अधिकांश हिस्सों, कर्नाटक और तमिलनाडु को पार करते हुए मानसून तेजी से उत्तर की ओर बढ़ रहा है, जिससे राज्य के विभिन्न हिस्सों में बारिश की अनुकूल परिस्थितियां बन गई हैं.

अगले 48 घंटे बेहद महत्वपूर्ण; कोंकण में भारी बारिश की संभावना

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले 48 घंटे महाराष्ट्र के लिए काफी अहम हैं. मानसून की आगे की यात्रा के लिए अरब सागर में बेहद अनुकूल मौसम प्रणाली सक्रिय है. मौसम विभाग ने दक्षिण कोंकण और तटीय जिलों में शनिवार रात से बारिश की गतिविधियों में तेजी आने की संभावना जताई है. कोंकण के कुछ हिस्सों में भारी बारिश के मद्देनजर अलर्ट जारी किया गया है, जबकि मध्य महाराष्ट्र के घाट क्षेत्रों में भी तेज हवाओं के साथ मध्यम से भारी बौछारें पड़ने की उम्मीद है.

भीषण गर्मी और उमस से परेशान हैं मुंबईकर

एक तरफ जहां मानसून राज्य के प्रवेश द्वार पर खड़ा है, वहीं दूसरी तरफ देश की आर्थिक राजधानी मुंबई और उसके आस-पास के इलाकों में लोग अत्यधिक उमस से बेहाल हैं. मुंबई में शनिवार को अधिकतम तापमान 34 से 35 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया, लेकिन हवा में आर्द्रता (Humidity) 70 प्रतिशत से अधिक होने के कारण वास्तविक गर्मी कहीं ज्यादा महसूस की जा रही है. हालांकि, आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और शाम के वक्त गरज-चमक के साथ मानसून पूर्व (Pre-monsoon) बौछारें पड़ने से तापमान में थोड़ी गिरावट आने की उम्मीद है.

मौसम विशेषज्ञों का पूर्वानुमान और आगे की राह

मौसम विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, गोवा में मानसून के समय पर आगमन के बाद अब इसके महाराष्ट्र के आंतरिक हिस्सों में बढ़ने की रफ्तार पूरी तरह सामान्य है. मानसून के कोंकण के रास्ते प्रवेश करने के बाद ही मुंबई में इसकी आधिकारिक तारीख स्पष्ट हो सकेगी. विशेषज्ञों का मानना है कि मुंबई और उपनगरों में इस वीकेंड पर मानसूनी गतिविधियों की वजह से तेज हवाएं चलेंगी और रात के समय तेज बारिश देखने को मिल सकती है, जो आने वाले दिनों में और लगातार होती जाएगी.

अन्य राज्यों के लिए भी मौसम विभाग का अलर्ट

महाराष्ट्र के अलावा देश के दक्षिणी और पूर्वोत्तर राज्यों में भी मानसून का असर साफ दिखने लगा है. मौसम विभाग ने केरल, तटीय कर्नाटक और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों में अगले एक सप्ताह तक व्यापक रूप से भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है. साथ ही मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है क्योंकि इस दौरान तटीय इलाकों में हवा की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है.