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ऑल्ट न्यूज के मोहम्मद जुबैर को जान से मारने की धमकी

ऑल्ट न्यूज के सह-संस्थापक मोहम्मद जुबैर एक बार फिर सुर्खियों में हैं.

ऑल्ट न्यूज के मोहम्मद जुबैर को जान से मारने की धमकी
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit: Image File)

ऑल्ट न्यूज के सह-संस्थापक मोहम्मद जुबैर एक बार फिर सुर्खियों में हैं. इस बार उन्होंने जान से मारने की धमकी मिलने का आरोप लगाया है. जुबैर ने इस संबंध में पुलिस से शिकायत भी की है.फैक्ट चेकर मोहम्मद जुबैर ने पुलिस से शिकायत में आरोप लगाया है कि 16 ट्विटर हैंडल उनके घर का पता ऑनलाइन पोस्ट करने के लिए जिम्मेदार हैं. उनकी शिकायत में यह भी कहा गया है कि एक ट्विटर हैंडल @cyber_Huntss ने रमजान के दौरान जानवरों के लिए खाना डिलिवरी करने वाली वेबसाइट के जरिए पोर्क भेजा था.

मोहम्मद जुबैर की शिकायत के बाद पुलिस ने ट्विटर हैंडल @Cyber_Huntss और अन्य अज्ञात आरोपी व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता के प्रावधानों के तहत विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देने, आपराधिक धमकी और शांति भंग करने के मामले में एफआईआर दर्ज की है.

फैक्ट-चेकिंग वेबसाइट ऑल्ट न्यूज के सह-संस्थापक 41 वर्षीय मोहम्मद जुबैर ने अप्रैल महीने में डीजे हल्ली पुलिस स्टेशन में एक शिकायत दी थी, जिसमें उन्होंने कहा था "कुछ ट्विटर हैंडल्स ने उनके घर के पते का खुलासा किया और धमकी दी और उनके खिलाफ ट्वीट कर भीड़ द्वारा हिंसा के लिए लोगों को उकसाया गया."

उनकी शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि एक ट्विटर यूजर @cyber_Huntss ने उन्हें रमजान के महीने के दौरान जानवरों का खाना डिलिवर करने वाली वेबसाइट के जरिए सूअर का मांस भी भेजा था.

9 अप्रैल को @cyber_Huntss ने जुबैर को सूअर के मांस का 400 ग्राम पैकेट भेजने के बारे में ट्वीट किया और जुबैर के घर का पता सार्वजनिक कर दिया. बाद में इस ट्वीट को डिलीट कर दिया गया.

धर्म के आधार पर आपमानित करने का आरोप

जुबैर ने पुलिस से ऑपइंडिया के पूर्व संपादक अजीत भारती को एफआईआर में नामजद करने का आग्रह करते हुए कहा कि उन्होंने ट्वीट कर उन्हें जान से मारने की धमकी दी थी. उन्होंने कहा, "भारती एक सीरियल अपराधी है और उनके खिलाफ मुकदमा चलाया जाना चाहिए."

जुबैर ने अपनी शिकायत में कहा कि अजीत भारती ने छह मार्च को एक ट्वीट में मेरी धार्मिक पहचान को निशाना बनाया और खतने को लेकर धार्मिक अपमान किया. डीजे हल्ली पुलिस ने इस संबंध में 17 अप्रैल को मामला दर्ज किया था, लेकिन यह मामला गुरुवार को ही सामने आया. पुलिस ने आईपीसी धारा की 505, 153ए, 506 और 504 के तहत मामला दर्ज किया है.

हाल के दिनों में मोहम्मद ज़ुबैर को अक्सर हिंदुत्व समर्थकों से ऑनलाइन धमकियां मिलती रही हैं.

जुबैर के खिलाफ कुल सात मामले

मोहम्मद जुबैर के खिलाफ छह मामले उत्तर प्रदेश में दर्ज हैं जबकि एक मामला दिल्ली में दर्ज है. दिल्ली में जो मामला दर्ज है उसमें जुबैर पर धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप है.

जुबैर को धार्मिक भावनाओं को आहत करने के आरोप में दिल्ली पुलिस की साइबर सेल ने पिछले साल 27 जून को गिरफ्तार किया था. उनके ट्वीट में 1983 की एक हिंदी फिल्म का एक साइनबोर्ड "हनीमून होटल" से बदलकर "हनुमान होटल" कर दिया गया था. यह ट्वीट 2018 में किया गया था.

उस वक्त जुबैर के साथी प्रतीक सिन्हा ने कहा था जुबैर को 2020 से जुड़े एक अलग मामले में पूछताछ के लिए दिल्ली बुलाया गया था, जिसमें अदालत ने उन्हें गिरफ्तारी से सुरक्षा प्रदान की थी. लेकिन उन्हें इस मामले में बिना किसी अनिवार्य नोटिस के गिरफ्तार कर लिया गया.

जुबैर को पिछले साल 15 जुलाई को 2018 के मामले में जमानत दे दी गई थी, लेकिन उन्हें रिहा नहीं किया जा सका क्योंकि तब तक उत्तर प्रदेश पुलिस ने उनके खिलाफ एक और प्राथमिकी दर्ज कर ली थी और पत्रकार को उनकी हिरासत में भेज दिया गया था. इसके बाद उत्तर प्रदेश पुलिस ने जुबैर के खिलाफ छह जांच शुरू की, जिसमें नई प्राथमिकी और पुराने मामले शामिल थे.

आखिरकार 20 जुलाई 2022 को सुप्रीम कोर्ट ने सभी मामलों में जमानत दे दी और वे जेल से बाहर आ गए.

(The above story first appeared on LatestLY on May 05, 2023 04:40 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).