Kerala Mob Lynching: केरल के पलक्कड़ में घर के बाहर सो रहे मानसिक रूप से अस्वस्थ व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या; शरीर पर मिले 50 घाव, 7 आरोपी गिरफ्तार
केरल के पलक्कड़ जिले में मॉब लिंचिंग की एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां एक घर के बाहर सो रहे करीब 40 वर्षीय मानसिक रूप से अस्वस्थ और मूक-बधिर व्यक्ति की भीड़ ने बर्बरतापूर्वक पिटाई कर हत्या कर दी. घटना वंडिथावलम स्थित मूलथरा रेगुलेटर के पास शनिवार रात को हुई, जहां हमलावरों ने व्यक्ति का 500 मीटर तक पीछा कर उसे बेरहमी से पीटा। रविवार सुबह उसका शव बरामद किया गया.
पलक्कड़: केरल के पलक्कड़ जिले में भीड़ की हिंसा का एक वीभत्स मामला सामने आया है. वंडिथावलम में एक घर के बाहर सोने पर स्थानीय युवकों के एक समूह ने मानसिक रूप से कमजोर और बोलने में असमर्थ एक अज्ञात व्यक्ति की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी.
पुलिस के अनुसार, रविवार सुबह मूलथरा रेगुलेटर के पास एक लावारिस शव मिलने की सूचना के बाद जांच शुरू की गई थी. पोस्टमार्टम में बर्बरता के चौंकाने वाले खुलासे के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल सभी सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
500 मीटर तक दौड़ाकर पीटा, पोस्टमार्टम में मिले 50 से अधिक चोटों के निशान
पुलिस जांच में सामने आया है कि वारदात शनिवार, 10 अक्टूबर की रात करीब 10 बजे घटी:
- दौड़कर किया हमला: आरोपियों ने व्यक्ति को पहले इलाके से खदेड़ा और लगभग 500 मीटर तक पीछा करने के बाद उसे घेरकर पीटना शुरू कर दिया.
- शारीरिक बर्बरता: पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, मृतक के शरीर पर 50 से अधिक गंभीर चोटों और फ्रैक्चर के निशान मिले हैं. चिकित्सकों ने स्पष्ट किया कि सिर में अत्यधिक अंदरूनी रक्तस्राव (Internal Bleeding) होने के कारण उसकी जान गई.
- पहचान की कोशिशें: मृतक की उम्र लगभग 40 वर्ष आंकी गई है. स्थानीय लोगों का कहना है कि वह पिछले एक सप्ताह से इलाके में भटक रहा था और बोलने में पूरी तरह असमर्थ था. पुलिस उसकी आधिकारिक पहचान जुटाने के लिए आसपास के थानों की गुमशुदगी रिपोर्ट खंगाल रही है.
सीसीटीवी फुटेज से पकड़े गए 7 आरोपी, हत्या का केस दर्ज
चित्तूर के पुलिस उपाधीक्षक (DySP) एम. शशीधरन के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम ने इलाके के सीसीटीवी फुटेज और चश्मदीदों के बयानों के आधार पर आरोपियों की पहचान की:
- गिरफ्तार आरोपियों के नाम: पुलिस ने कार्तिक (26), नवीन (24), संजय (27), प्रशांत (35), कथिरेसन (23), मणिकंदन (25) और सूर्यप्रकाश (22) को गिरफ्तार किया है। ये सभी कोझिंजमपारा की स्रांबी बस्ती के निवासी हैं.
- पूछताछ में दावा: आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे इलाके में महिलाओं के प्रति व्यक्ति के कथित व्यवहार को लेकर आक्रोशित थे, जिसके बाद उन्होंने कानून हाथ में ले लिया.
- कानूनी धाराएं: पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ हत्या, गैर-कानूनी तरीके से एकत्र होने और घातक हथियारों से हमला करने से जुड़ी सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें अदालत में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
2018 के अट्टापडी 'मधु हत्याकांड' की यादें हुईं ताजा
इस ताजा घटना ने राज्य भर में मानवाधिकार और सामाजिक सुरक्षा को लेकर बहस छेड़ दी है:
- मधु मामला: 22 फरवरी 2018 को पलक्कड़ जिले के ही अट्टापडी क्षेत्र में 27 वर्षीय मानसिक रूप से अस्वस्थ आदिवासी युवक मधु को चोरी के शक में एक भीड़ ने बांधकर पीटा था, जिससे उसकी मौत हो गई थी. उस घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था और व्यापक आक्रोश के बाद आरोपियों को सजा हुई थी.
- हाशिए पर मौजूद लोगों की सुरक्षा: सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि मानसिक रूप से अस्वस्थ और बेघर व्यक्तियों के प्रति समाज में संवेदनहीनता और 'विजिलेंटिज्म' (भीड़ द्वारा न्याय करने की प्रवृत्ति) बेहद चिंताजनक है, जिस पर प्रशासन को सख्त नजीर पेश करने की जरूरत है.