महाराष्ट्र ATS की बड़ी कार्रवाई: पाकिस्तान में बैठे गैंगस्टर शहजाद भट्टी से संपर्क के आरोप में 112 लोगों से पूछताछ, राज्य भर में छापेमारी
Representative Image (Photo Credits: IANS)

मुंबई: महाराष्ट्र आतंकवाद विरोधी दस्ते  (Maharashtra Anti-Terrorism Squad) (ATS) ने देश विरोधी गतिविधियों के खिलाफ एक बड़ा राज्यव्यापी अभियान शुरू किया है. एटीएस ने पाकिस्तान में छिपे कुख्यात गैंगस्टर शहजाद भट्टी ( Shahzad Bhatti)  के साथ कथित तौर पर संपर्क में रहने वाले 112 लोगों की पहचान कर उनसे गहन पूछताछ शुरू कर दी है. महाराष्ट्र एटीएस द्वारा जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, राज्य भर की सभी 14 एटीएस इकाइयों की टीमों ने शुक्रवार, 10 जुलाई 2026 की सुबह करीब 7:00 बजे एक साथ इस बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया. एटीएस की टीमें उन संदिग्धों के ठिकानों पर पहुंच रही हैं, जो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए भट्टी के संपर्क में थे, और इस जांच के हिस्से के रूप में उनके बयानों को दर्ज किया जा रहा है.

मुंबई, ठाणे और छत्रपति संभाजीनगर सहित कई शहरों में छापेमारी

एटीएस ने स्पष्ट किया है कि इस बड़े ऑपरेशन के तहत पूरे महाराष्ट्र में कई संवेदनशील स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान (सर्चेज) चलाया जा रहा है. जिन प्रमुख क्षेत्रों में छापेमारी और पूछताछ की प्रक्रिया चल रही है, उनमें निम्नलिखित शहर शामिल हैं:

  • मुंबई और मुंबई उपनगर: मुंबई, ठाणे, नवी मुंबई और मीरा रोड.
  • पश्चिमी और मध्य महाराष्ट्र: सांगली और सतारा.
  • मराठवाड़ा: छत्रपति संभाजीनगर (औरंगाबाद).

जांच एजेंसी इन चिन्हित व्यक्तियों और शहजाद भट्टी के बीच संभावित कड़ियों की बारीकी से जांच कर रही है. भट्टी पर आरोप है कि वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करके भारतीय युवाओं को प्रभावित करने और उन्हें देश विरोधी गतिविधियों (एंटी-नेशनल एक्टिविटीज) की ओर धकेलने की कोशिश कर रहा है. इन खुफिया इनपुट के आधार पर ही एटीएस ने इस संपर्क के वास्तविक स्वरूप को सत्यापित करने के लिए यह कार्रवाई की है.

सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर से बना देश के लिए बड़ा खतरा

जांच के दौरान एटीएस संदिग्धों के संचार पैटर्न (कम्युनिकेशन पैटर्न), ऑनलाइन बातचीत और पाकिस्तानी गैंगस्टर के साथ किसी भी प्रकार के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष जुड़ाव से जुड़े डिजिटल सबूत जुटा रही है. एटीएस ने साफ किया है कि फिलहाल यह जांच शुरुआती चरण में है और पूछताछ से निकलने वाले निष्कर्षों के आधार पर आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई (जैसे गिरफ्तारी और केस दर्ज करना) की जाएगी.

सुरक्षा एजेंसियों के लिए सबसे चिंताजनक बात यह है कि कभी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रहा शहजाद भट्टी अब भारतीय सुरक्षा ग्रिड के लिए एक बड़ा सिरदर्द बन चुका है. खुफिया इनपुट बताते हैं कि भट्टी भारत में किसी बड़े हमले या गड़बड़ी को अंजाम देने के लिए सुरक्षा एजेंसियों की थोड़ी सी भी ढिलाई (कंप्लेसेंसी) का इंतजार कर रहा है.

2025 से अब तक भट्टी के 9 टेरर मॉड्यूल हो चुके हैं ध्वस्त

शहजाद भट्टी भारतीय सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर नया नाम नहीं है। वर्ष 2025 से लेकर अब तक दिल्ली और उत्तर प्रदेश की पुलिस ने भट्टी द्वारा संचालित किए जा रहे कुल नौ अलग-अलग मॉड्यूल का भंडाफोड़ कर उन्हें पूरी तरह नेस्तनाबूद किया है. इनमें से चार अलग-अलग मॉड्यूल को उत्तर प्रदेश आतंकवाद विरोधी दस्ते (UP ATS) ने ध्वस्त किया था, जबकि पांच मॉड्यूल को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने बंद कराया था. इन सभी मामलों में भट्टी मुख्य साजिशकर्ता और हैंडलर के रूप में उभरकर सामने आया था.

इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के एक वरिष्ठ अधिकारी ने इस पूरे घटनाक्रम पर टिप्पणी करते हुए कहा कि भारत इस समय एक नए प्रकार के हाइब्रिड खतरे (न्यू टाइप ऑफ थ्रेट) का सामना कर रहा है. आम तौर पर जब किसी नेटवर्क के नौ मॉड्यूल एक के बाद एक बैक-टू-बैक पकड़े जाते हैं, तो उनके आका (हैंडलर्स) पीछे हट जाते हैं और शांत बैठ जाते हैं. लेकिन भट्टी का नेटवर्क लगातार नए लड़कों को सोशल मीडिया के जरिए फांसने की कोशिश कर रहा है, जिससे निपटने के लिए अब महाराष्ट्र एटीएस ने यह एहतियाती और आक्रामक कदम उठाया है.