Maharashtra Cabinet Decision: महाराष्ट्र सरकार का बड़ा फैसला, गढ़चिरौली जिला खेल परिसर के फेज-2 विस्तार के लिए ₹80.12 करोड़ मंजूर
महाराष्ट्र सरकार ने गढ़चिरौली जिला खेल परिसर के द्वितीय चरण के विस्तार के लिए 80.12 करोड़ रुपये के बजट को मंजूरी दे दी है. इस फैसले का उद्देश्य नक्सल प्रभावित क्षेत्र के युवाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं प्रदान करना है.
Maharashtra Cabinet Decision: महाराष्ट्र कैबिनेट ने गढ़चिरौली जिला खेल परिसर के द्वितीय चरण (Phase-II) के तहत अतिरिक्त खेल सुविधाओं के विकास के लिए 80.12 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत को प्रशासनिक मंजूरी दे दी है. उप मुख्यमंत्री और खेल मंत्री सुनेत्रा अजीत पवार ने मंगलवार को इस फैसले की जानकारी दी. सरकार का लक्ष्य इस परियोजना के जरिए गढ़चिरौली जैसे सुदूर और नक्सल प्रभावित क्षेत्र के युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ना और उन्हें विश्वस्तरीय खेल ढांचा उपलब्ध कराना है.
अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाओं पर ध्यान
खेल मंत्री सुनेत्रा पवार ने बताया कि राज्य सरकार की प्राथमिकता गढ़चिरौली के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं प्रदान करना है. इससे स्थानीय एथलीटों को राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में अपनी क्षमता साबित करने का बेहतर अवसर मिलेगा. खेल के माध्यम से क्षेत्र के युवाओं के सर्वांगीण विकास और उन्हें नई पहचान देने की दिशा में यह एक बड़ा कदम माना जा रहा है.
पहले चरण में पूरी हुई सुविधाएं
इससे पहले सरकार ने इस खेल परिसर के लिए 23 करोड़ रुपये जारी किए थे. इस बजट से तरणताल (स्विमिंग पूल), कबड्डी, खो-खो और वॉलीबॉल के मैदान, सीमेंट बास्केटबॉल कोर्ट, बैडमिंटन हॉल और एक स्पोर्ट्स हॉस्टल का निर्माण पूरा कर खिलाड़ियों व नागरिकों के लिए शुरू किया जा चुका है. इसके अलावा नए स्थल पर व्यायामशाला (जिम), प्रशासनिक भवन और चार कोर्ट वाला इंडोर बैडमिंटन हॉल भी बनकर तैयार है. एक डोम-प्रकार के मल्टीगेम हॉल का 80 प्रतिशत काम भी पूरा हो चुका है.
फंडिंग प्रक्रिया को मिली अंतिम मंजूरी
क्रीड़ा एवं युवक सेवा निदेशालय ने द्वितीय चरण के कार्यों के लिए 80.12 करोड़ रुपये का प्रस्ताव प्रस्तुत किया था. इस प्रस्ताव को 17 जून 2026 को आयोजित उच्चाधिकार प्राप्त समिति की बैठक में सैद्धांतिक स्वीकृति दी गई थी. मंगलवार को कैबिनेट की मुहर लगने के बाद अब इसके लिए वित्तीय आवंटन की प्रक्रिया पूरी तरह साफ हो गई है. खेल मंत्री ने विश्वास व्यक्त किया है कि इस निर्णय से गढ़चिरौली में खेल संस्कृति को एक नया आयाम मिलेगा.