आंदोलन के अधिकार पर कलकत्ता उच्च न्यायालय में सुनवाई एक नवंबर को
कलकत्ता उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को साल्ट लेक स्थित पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड (डब्ल्यूबीबीपीई) कार्यालय के सामने आंदोलन जारी रखने की अनुमति मांगने वाली याचिका पर सुनवाई 1 नवंबर तक के लिए टाल दी.
कोलकाता, 28 अक्टूबर : कलकत्ता उच्च न्यायालय ने शुक्रवार को साल्ट लेक स्थित पश्चिम बंगाल प्राथमिक शिक्षा बोर्ड (डब्ल्यूबीबीपीई) कार्यालय के सामने आंदोलन जारी रखने की अनुमति मांगने वाली याचिका पर सुनवाई 1 नवंबर तक के लिए टाल दी. याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति अमृता सिन्हा और न्यायमूर्ति अजय कुमार मुखर्जी की खंडपीठ ने कहा कि मामले की सुनवाई अदालत की नियमित पीठ 1 नवंबर को करेगी.
इसके पहले 20 अक्टूबर की देर रात पुलिस ने राज्य में प्राथमिक शिक्षकों की भर्ती में कथित अनियमितता के खिलाफ डब्ल्यूबीबीपीई कार्यालय के सामने आंदोलन कर रहे प्रदर्शनकारियों को हटा दिया था. पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ प्रदर्शनकारियों ने उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर प्रदर्शन की अनुमति मांगी थी. यह भी पढ़ें: UP: शराब खरीदने के लिए रुपये न देने पर बेटे ने मां की हत्या की, मामला दर्ज
याचिकाकर्ताओं के वकील बिकास रंजन भट्टाचार्य और प्रियंका टिबरेवाल ने मामले की त्वरित सुनवाई के लिए खंडपीठ से अपील की. लेकिन राज्य के महाधिवक्ता सौमेंद्र नाथ मुखर्जी ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि राज्य सरकार को अभी तक याचिकाकर्ताओं की अपील की प्रति प्राप्त नहीं हुई है. दोनों पक्षों को सुनने के बाद खंडपीठ ने कहा कि मामले की सुनवाई एक नवंबर को नियमित पीठ करेगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 28, 2022 03:42 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

