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Bank Fraud के इन तरीकों से हो जाएं सावधान, छोटी सी गलती खाली कर देगी आपका बैंक अकाउंट

कोरोना काल में बैंकिंग सेवाओं का लाभ लेने का तरीका काफी बदल गया है. आज के इस आधुनिक दुनिया की कल्पना बिना स्मार्टफोन, इंटरनेट के करना नामुमकिन सा हो गया है. इस ऑनलाइन दुनिया ने सचमुच हमारी उंगलियों पर सब कुछ ला दिया है. लेकिन इन सब के बीच फ्रॉड की घटनाएं भी बढ़ी है और ठगों का तरीका-जरिया भी बदला है.

Bank Fraud के इन तरीकों से हो जाएं सावधान, छोटी सी गलती खाली कर देगी आपका बैंक अकाउंट
ATM Machine | Image Used for Representational Purpose Only | (Photo Credits: Money Control.com)

कोरोना काल में बैंकिंग सेवाओं का लाभ लेने का तरीका काफी बदल गया है. आज के इस आधुनिक दुनिया की कल्पना बिना स्मार्टफोन, इंटरनेट के करना नामुमकिन सा हो गया है. इस ऑनलाइन दुनिया ने सचमुच हमारी उंगलियों पर सब कुछ ला दिया है. लेकिन इन सब के बीच फ्रॉड की घटनाएं भी बढ़ी है और ठगों का तरीका-जरिया भी बदला है. समय बदलने के साथ ही जालसाजों ने लोगों को ठगने और उनकी कमाई को हड़पने के लिए नए-नए तरीके ईजाद किए है. हर साल हजारों बैंक फ्रॉड (Bank Fraud) के मामलें सामने आते है, जिसके मद्देनजर न केवल आरबीआई (RBI) बल्कि सरकार भी जनता को आगाह करती रहती है. Online Dating Fraud: ऑनलाइन डेटिंग के चक्कर में कपड़ा व्यापारी को लगा 15 लाख का चूना

QR कोड से फ्रॉड-

क्यूआर कोड (QR) से के जरिए भी ठगी की जा रही है. इसमें ठग एक क्विक रिस्पांस कोड भेजता है और जैसे ही उसे पाने वाला शख्स लिंक पर क्लिक करता है तो फ्रॉड उसके मोबाइल फोन का क्यूआर कोड स्कैन कर बैंक अकाउंट से मनचाही रकम निकाल लेते हैं.

डाटा चोरी-

एटीएम बूथ में जालसाज लोगों का बैंक डेटा हासिल करने के लिए स्कीमर, कैमरा और वाई-फाई डिवाइस लगाते है. जबकि एटीएम कार्ड की क्लोनिंग के लिए उपकरण लगाकर भी फ्रॉड किया जाता है. जबकि कई मामले फर्जी की-बोर्ड के भी सामने आये है, जो एटीएम मशीन में ही लगाये जाते है.

फेक कॉल-

ठग बैंक के कर्मचारी बनकर लोगों को फोन करते है, और बड़ी ही चालाकी से उन्हें अपने शब्दों के जाल में फंसाकर बैंक खातों से जुड़ी अहम जानकारियां हासिल कर लेते है. जिसके बाद आपके द्वारा दिए गए डिटेल्स से खाते से पैसे निकाल लिए जाते है. इसलिए बैंक खातों से जुड़ी कोई भी जनकारी फोन पर किसी को नहीं देनी चाहिए. जबकि गड़बड़ी का अंदेशा होने पर तुरंत बैंक से संपर्क करना चाहिए.

UPI के जरिए ठगी-

ठग मिलते-जुलते नामों वाली फर्जी यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) आईडी बनाकर लोगों को ठगते है. इसलिए से यूपीआई आईडी से लेनदेन से पहले सावधान बरतनी जरुरी है. इसके आलावा धोखेबाज किसी व्यक्ति को डेबिट लिंक भेजते है और उन्हें अपने जाल में फांसकर लिंक पर क्लिक करने के लिए कहते है. जैसे ही व्यक्ति यूपीआई पिन डालता है तो उसके पैसे काट लिए जाते हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Jan 06, 2021 11:28 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).