मोदी सरकार का बड़ा ऐलान! 2027 तक पूरी होगी जाति आधारित जनगणना, केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने दी जानकारी
केंद्र सरकार ने घोषणा की है कि भारत की अगली जनगणना 2027 तक पूरी हो जाएगी. यह जनगणना दो चरणों में होगी और इसमें सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि हर व्यक्ति की जाति भी गिनी जाएगी. सरकार ने लोकसभा में यह जानकारी दी और जनगणना की तैयारियां भी शुरू कर दी हैं.
केंद्र सरकार ने यह साफ कर दिया है कि देश में अगली जनगणना 2027 तक पूरी कर ली जाएगी. मंगलवार को लोकसभा में एक सवाल के जवाब में सरकार ने बताया कि यह जनगणना दो चरणों में होगी और सबसे बड़ी बात यह है कि इस बार हर व्यक्ति की जाति भी गिनी जाएगी.
जनगणना दो हिस्सों में कैसे होगी?
सरकार ने बताया कि जनगणना का काम दो फेज यानी चरणों में किया जाएगा.
- पहला चरण (घरों की गिनती): इस चरण में जनगणना कर्मचारी घर-घर जाकर मकानों से जुड़ी जानकारी इकट्ठा करेंगे. जैसे कि आपका घर पक्का है या कच्चा, घर में पीने के पानी, बिजली और टॉयलेट जैसी सुविधाएं हैं या नहीं. इसके अलावा घर में टीवी, फ्रिज, गाड़ी जैसी चीजें हैं या नहीं, यह भी नोट किया जाएगा.
- दूसरा चरण (लोगों की गिनती): पहले चरण के बाद लोगों की गिनती का काम शुरू होगा. इसमें हर घर के हर सदस्य के बारे में जानकारी ली जाएगी. जैसे कि उनकी उम्र, वो महिला हैं या पुरुष, कितना पढ़े-लिखे हैं, क्या काम-धंधा करते हैं. इसी चरण में हर व्यक्ति से उसकी जाति भी पूछी जाएगी और उसे दर्ज किया जाएगा.
कब होगी जनगणना?
- पूरे देश के लिए जनगणना की आखिरी तारीख 1 मार्च 2027 तय की गई है. इसका मतलब है कि इस तारीख तक सभी लोगों की गिनती का काम पूरा करने का लक्ष्य है.
- हालांकि, जो पहाड़ी और बर्फीले इलाके हैं, जैसे लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड, वहां यह काम पहले ही कर लिया जाएगा. इन राज्यों में गिनती 1 अक्टूबर 2026 तक पूरी करने का लक्ष्य है, क्योंकि बाद में बर्फबारी की वजह से वहां काम करना मुश्किल हो जाता है.
कुछ और ज़रूरी बातें
- तैयारियां शुरू: सरकार ने बताया कि जनगणना की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं. हाल ही में 3 और 4 जुलाई को जनगणना से जुड़े सभी बड़े अधिकारियों की दिल्ली में एक बैठक भी हुई थी.
- खर्च का अनुमान: इस पूरे काम में कितना पैसा लगेगा, सरकार अभी इसका हिसाब लगा रही है.
- आंकड़े कब आएंगे: जनगणना के आखिरी आंकड़े 2030 के आसपास जारी होने की उम्मीद है, यानी 2029 के लोकसभा चुनाव के बाद.
- NPR पर फैसला नहीं: सरकार ने यह भी साफ किया कि नेशनल पॉपुलेशन रजिस्टर (NPR) को अपडेट करने पर अभी कोई फैसला नहीं लिया गया है.
साफ है कि देश एक बड़ी और महत्वपूर्ण जनगणना की तैयारी कर रहा है, जिसमें जातिगत आंकड़े इकट्ठे करना इस बार का सबसे अहम पहलू है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 30, 2025 08:06 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

