जीएसटी में बड़ा बदलाव! IPL, जुआ और इलेक्ट्रॉनिक्स पर नए टैक्स स्लैब लागू, जानें कैसे पड़ेगा असर
GST Tax Reforms

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता में बुधवार को हुई 56वीं जीएसटी काउंसिल (GST Council) की बैठक में कई बड़े बदलावों का ऐलान किया गया है. अब उच्च स्तरीय खेल आयोजन जैसे आईपीएल (IPL), कैसीनो (Casino), सट्टा (Betting), हॉर्स रेसिंग (Horse Racing), लॉटरी (Lottery) और ऑनलाइन मनी गेमिंग (Online Money Gaming) पर 40% जीएसटी लागू होगी. वहीं, आम वस्तुओं और दैनिक आवश्यकताओं पर टैक्स दर घटकर 5% और 18% कर दी गई है. यह नई जीएसटी की दरें 22 सितंबर 2025 से लागू होंगी.

आईपीएल और खेल इवेंट्स पर नया टैक्स

जीएसटी काउंसिल के फैसले के अनुसार, आईपीएल जैसे हाई-प्रोफाइल मैचों पर 40% जीएसटी लागू होगा. हालांकि, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय संघों द्वारा मान्यता प्राप्त खेल इवेंट्स पर यह टैक्स दर लागू नहीं होगी. इन खेलों में 500 रुपये तक के टिकट पर कोई जीएसटी नहीं लगेगा, जबकि 500 रुपये से ऊपर के टिकट पर मानक 18% टैक्स लगाया जाएगा.

आम वस्तुओं पर राहत, दैनिक जरूरतों पर कम टैक्स

नए जीएसटी सुधारों के तहत अब 12% और 28% वाले स्लैब हटा दिए गए हैं, और केवल 5% और 18% के दो स्लैब लागू किए गए हैं. इससे टॉयलेटरीज़ (Toiletries), पैकेज्ड फूड (Packaged Food), किचन यूटेंसिल (Kitchen Utensils) और अन्य रोजमर्रा की जरूरतों पर टैक्स दर कम हो जाएगी. इस बदलाव का सीधा फायदा घरों के बजट पर पड़ेगा और खरीदारों को महंगे सामान खरीदने में राहत मिलेगी.

इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों की कीमतों में भारी कमी

इस सुधार के तहत कई इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद जैसे बड़े स्क्रीन वाले टीवी, एयर कंडीशनर और डिश वॉशर अब 28% स्लैब से हटकर 18% स्लैब में आएंगे. इससे 43 इंच के टीवी पर लगभग 2,000 रुपये की बचत होगी, जबकि 75 इंच के टीवी पर यह बचत करीब 23,000 रुपये तक पहुँच जाएगी. एयर कंडीशनर और डिश वॉशर की कीमतों में भी 3,500–4,500 रुपये तक की कमी देखने को मिलेगी. इस बदलाव के लागू होते ही इलेक्ट्रॉनिक सामान खरीदना पहले से कहीं अधिक किफायती हो जाएगा.

22 सितंबर तक बिक्री में संभावित गिरावट

विशेषज्ञों के मुताबिक, यह बदलाव लागू होने से पहले कुछ दिनों तक बिक्री में गिरावट देखने को मिल सकती है, क्योंकि ग्राहक नई दरों के लागू होने का इंतजार करेंगे. हालांकि, इसके बाद बढ़ी हुई मांग से बाजार में संतुलन फिर से लौट आएगा.

उद्योग जगत ने सुधारों का स्वागत किया

उद्योग जगत ने जीएसटी सुधारों का स्वागत किया है, और इसे भविष्य की दिशा में एक प्रगतिशील कदम बताया है. इन सुधारों के तहत दैनिक उपयोग की वस्तुओं और जरूरी इनपुट्स पर टैक्स दर कम कर दी गई है, जिससे घरों के खर्चे कम होंगे और आम परिवारों को राहत मिलेगी. साथ ही, यह कदम कर प्रणाली को आसान और स्पष्ट बनाने में मदद करेगा, जिससे व्यवसायों और ग्राहकों दोनों के लिए चीजें समझने और फॉलो करने में सरलता आएगी.