Gold Rate Today, March 22, 2026: रविवार को स्थिर रहे सोने के दाम; दिल्ली, मुंबई और चेन्नई समेत आपके शहर में क्या है 22K और 24K का भाव? देखें लेटेस्ट रेट लिस्ट
भारत में रविवार, 22 मार्च 2026 को सोने की कीमतों में स्थिरता देखी गई. अमेरिका-ईरान तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सप्ताहांत के अवकाश के कारण घरेलू बाजार में 22K और 24K सोने के दाम पिछले स्तरों पर ही टिके हुए हैं.
Gold Rate Today, March 22, 2026: भारतीय सर्राफा बाजार में रविवार, 22 मार्च को सोने की कीमतों (Gold Rate) में कोई बदलाव नहीं देखा गया. अमेरिका और ईरान के बीच जारी संघर्ष के कारण पिछले एक सप्ताह से बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ था, लेकिन सप्ताहांत (वीकेंड) होने के कारण आज कीमतें स्थिर रहीं. अंतरराष्ट्रीय बुलियन मार्केट में कामकाज बंद होने से घरेलू खुदरा कीमतों को हालिया उच्च स्तर के करीब समेकित (Consolidate) होने का मौका मिला है. दिल्ली, चेन्नई, मुंबई, कोलकाता, लखनऊ, पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, जोधपुर, जयपुर, श्रीनगर, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और अहमदाबाद में आज, 21 मार्च को सोने का भाव देखने के लिए नीचे स्क्रॉल करें. यह भी पढ़ें: Gold Rate Today, March 21, 2026: सोने की कीमतों में आई मामूली गिरावट, दिल्ली-मुंबई समेत आपके शहर में क्या है 22K और 24K का भाव? जानें आज की रेट लिस्ट
प्रमुख शहरों में सोने के भाव (प्रति 10 ग्राम)
देश की राजधानी दिल्ली में आज 24 कैरेट सोने की कीमत 1,46,120 रुपये प्रति 10 ग्राम है, जबकि आभूषणों के लिए मानक माने जाने वाले 22 कैरेट सोने का भाव 1,33,950 रुपये दर्ज किया गया है.
शहरवार रेट लिस्ट (22 मार्च 2026):
| शहर | 24K सोना (प्रति 10 ग्राम) | 22K सोना (प्रति 10 ग्राम) |
| दिल्ली | ₹ 1,46,120 | ₹ 1,33,950 |
| मुंबई | ₹ 1,45,970 | ₹ 1,33,800 |
| चेन्नई | ₹ 1,48,580 | ₹ 1,36,200 |
| कोलकाता | ₹ 1,45,970 | ₹ 1,33,800 |
| बेंगलुरु | ₹ 1,45,970 | ₹ 1,33,800 |
| अहमदाबाद | ₹ 1,46,020 | ₹ 1,33,850 |
| लखनऊ/जयपुर | ₹ 1,46,120 | ₹ 1,33,950 |
(नोट: नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और श्रीनगर जैसे शहरों में भी कीमतें दिल्ली के समान ही बनी हुई हैं।)
वैश्विक बाजार के ट्रिगर्स
वर्तमान में सोने की कीमतें मुख्य रूप से मजबूत अमेरिकी डॉलर और वैश्विक ब्याज दरों के प्रति बदलते दृष्टिकोण से प्रभावित हैं. अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड (Spot Gold) को 2,900 डॉलर प्रति औंस के स्तर के पास प्रतिरोध (Resistance) का सामना करना पड़ रहा है. निवेशक अब अमेरिकी फेडरल रिजर्व के नए आर्थिक आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं. चूंकि सोना एक 'नॉन-यील्डिंग' संपत्ति है, इसलिए लंबे समय तक उच्च ब्याज दरों का माहौल इसकी कीमतों में बड़ी तेजी को रोकने का काम करता है.
रुपये की स्थिरता और घरेलू मांग
घरेलू बाजार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की स्थिरता ने सोने की आयात लागत (Landed Cost) को नियंत्रित रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है. आमतौर पर रुपये के मूल्य में गिरावट आने से स्थानीय बाजार में सोने के दाम बढ़ जाते हैं, भले ही वैश्विक कीमतें स्थिर हों. वर्तमान में शादी-ब्याह के सीजन की मांग और वैश्विक अनिश्चितता के बीच निवेशक सोने को सुरक्षित निवेश के तौर पर देख रहे हैं.