Ghaziabad: गाजियाबाद के वसुंधरा में भारी बारिश के बाद धंसी मुख्य सड़क, पाताल जैसे गड्ढे में समाई कार और स्कूटी; यातायात डायवर्ट
वसुंधरा में सड़क धंसने से गाड़ियां खाई में गिरीं (Photo Credits: PTI)

गाजियाबाद: दिल्ली-एनसीआर (Delhi-NCR)  में हो रही मूसलाधार मानसूनी बारिश के बीच उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के गाजियाबाद (Ghaziabad) जिले से बुनियादी ढांचे की विफलता का एक बड़ा मामला सामने आया है. गाजियाबाद के पॉश इलाके वसुंधरा में अटल चौक के पास एक व्यस्त मुख्य सड़क का एक बड़ा हिस्सा अचानक धंस (केव-इन) गया। सड़क के इस तरह अचानक बैठने से वहां एक बेहद गहरा और चौड़ा गड्ढा बन गया, जिसने सड़क किनारे खड़ी एक कार और एक स्कूटी को अपनी आगोश में ले लिया. घटना के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन और आपातकालीन राहत टीमों को मौके पर रवाना किया गया. किसी भी संभावित खतरे और आगे होने वाले भूस्खलन को रोकने के लिए पुलिस ने पूरे प्रभावित क्षेत्र को चारों तरफ से घेर (सील्ड) दिया है. यह भी पढ़ें: दिल्ली-NCR में आफत की बारिश: जलभराव और भारी ट्रैफिक जाम से थमी रफ्तार; ईस्ट ऑफ कैलाश में गिरे विशाल पेड़, मौसम विभाग का 'रेड अलर्ट' (Watch Videos)

मूसलाधार बारिश और कमजोर ड्रेनेज सिस्टम बना कारण

शुरुआती जांच और नगर निगम के अधिकारियों के आकलन के अनुसार, इस गंभीर हादसे के पीछे लगातार हो रही भारी बारिश और क्षेत्र की अपर्याप्त जल निकासी (ड्रेनेज सिस्टम) को मुख्य वजह माना जा रहा है.

लगातार पानी जमा होने के कारण पक्की सड़क की ऊपरी सतह के नीचे मौजूद मिट्टी में भारी कटाव (इरोज़न) हो गया. मिट्टी बह जाने की वजह से सड़क के नीचे का खोखला हिस्सा वाहनों का वजन नहीं संभाल सका और पूरी सड़क पाताल की तरह नीचे धंस गई.

वसुंधरा में सड़क धंसने से गाड़ियां खाई में गिरीं

राहत कार्य शुरू, वाहनों की आवाजाही पर रोक

हादसे की भयावहता को देखते हुए गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) और लोक निर्माण विभाग (PWD) के वरिष्ठ अधिकारी तकनीकी टीम के साथ मौके पर पहुंच गए हैं. गड्ढे में गिरे वाहनों को क्रेन की मदद से बाहर निकालने और क्षतिग्रस्त सड़क के पुनर्निर्माण (रेस्टोरेशन) का काम शुरू कर दिया गया है.

सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए अटल चौक के आसपास के पूरे मार्ग को यातायात के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है. वसुंधरा, वैशाली और इंदिरापुरम की ओर आने-जाने वाले वाहन चालकों और वाहन स्वामियों को असुविधा से बचने के लिए वैकल्पिक मार्गों (अल्टरनेटिव रूट्स) का उपयोग करने की सलाह दी गई है.

मानसून निर्माण परियोजनाओं से बढ़ा रिस्क

स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षेत्र में चल रहे विभिन्न निर्माण कार्यों और केबल बिछाने के लिए खोदे गए गड्ढों को बिना ठीक से कंक्रीट किए छोड़ दिए जाने के कारण मानसून में ऐसे हादसे बढ़ रहे हैं. बारिश का पानी इन खोदे गए हिस्सों में रिसकर मुख्य सड़कों की नींव को कमजोर कर देता है. प्रशासनिक अधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि सड़क को जल्द से जल्द भरकर यातायात को बहाल कर दिया जाएगा.