UGC : CBSE के नए पाठ्यक्रम को मान्यता दें विश्वविद्यालय
देश भर के सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों को कॉलेज में प्रवेश के समय सीबीएसई द्वारा शुरू किए गए नए पाठ्यक्रम में प्राप्त अंकों को महत्व देना होगा. केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय इस संबंध में सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों के संपर्क में रहेगा.
दिल्ली, 17 सितंबर: देश भर के सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों को कॉलेज में प्रवेश के समय सीबीएसई द्वारा शुरू किए गए नए पाठ्यक्रम में प्राप्त अंकों को महत्व देना होगा. केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय इस संबंध में सभी केंद्रीय विश्वविद्यालयों के संपर्क में रहेगा. विश्वविद्यालय अनुदान आयोग यानी यूजीसी ने नए पाठ्यक्रम को मुख्य विषय के रूप में पंजीकृत करने के लिए नोटिस भी जारी किया है. विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने सभी विश्वविद्यालयों से कहा है कि वे दाखिले के दौरान 'एप्लाइड मैथ्स' विषय में हासिल किए गए अंको का ध्यान रखें. सीबीएसई यानी केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने कक्षा 11 और 12 के छात्रों के लिए यह एक नया विषय शुरू किया है. यह भी पढ़े: भारत में आज दो करोड़ से अधिक लोगों को लगाया गया कोरोना का टीका, खुशी के इस मौके पर मनसुख मंडाविया ने स्वास्थ्यकर्मियों के साथ मनाया जश्न, देखें तस्वीर
यूजीसी ने नोटिस जारी करते हुए सभी विश्वविद्यालयों से कहा है कि एप्लाइड मैथ्स को साइंस के मैन कोर्सेज के साथ साथ विश्वविद्यालयों में कॉमर्स और मेनिटीज के पाठ्यक्रमों में दाखिले के लिए एप्लाइड मैथ्स को शामिल किया जा सकता है. छात्र अपने अंको का औसत प्रतिशत निकालने के लिए एप्लाइड मैथ्स में प्राप्त किए गए अंकों का उपयोग कर सकते हैं. एप्लाइड मैथ्स में 80 फीसदी अंक थ्योरी और 20 प्रतिशत अंक प्रैक्टिकल के हैं. यूजीसी के मुताबिक एप्लाइड मैथ्स एक यह नियमित विषय है. इसलिए इस विषय में हासिल किए गए अंकों की गणना विश्वविद्यालय में दाखिले के लिए पूरी तरह से मान्य है. विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों को दाखिला देते समय इन अंको को पूरी मान्यता देनी चाहिए. यूजीसी ने इस विषय में सभी विश्वविद्यालयों से तुरंत उचित कार्रवाई करने को कहा है.
गौरतलब है कि दिल्ली विश्वविद्यालय समेत अन्य विश्वविद्यालयों में पीजी- यूजी प्रवेश के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूरी हो चुकी है. इस साल दिल्ली विश्वविद्यालय पीजी कोर्स में प्रत्येक सीट के लिए औसतन 9 छात्रों ने आवेदन किया है. दिल्ली विश्वविद्यालय में विभिन्न स्नातकोत्तर कार्यक्रमों में लगभग 20,000 सीटें हैं, लेकिन इन पाठ्यक्रमों में करीब 1.80 लाख छात्रों ने आवेदन किया है. वहीं ग्रेजुएट पाठ्यक्रमों में 4 लाख से अधिक छात्र अपना रजिस्ट्रेशन करवा चुके हैं. डीयू में एमफिल और पीएचडी के लिए करीब 28,827 पंजीकरण हो हुए. रजिस्ट्रेशन करवाने वाले छात्रों की प्रवेश परीक्षा 26 सितंबर से होगी. प्रवेश परीक्षा 26, 27, 28, 29 व 30 सितंबर और एक अक्तूबर को होगी। प्रवेश परीक्षा दिल्ली-एनसीआर समेत 27 शहरों के परीक्षा केंद्रों पर होगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 17, 2021 06:27 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

