DUSU Election 2026: दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव के लिए दो पालियों में मतदान जारी; अध्यक्ष पद पर त्रिकोणीय मुकाबला, कल आएंगे नतीजे

दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव 2026-27 के लिए शुक्रवार, 18 सितंबर को कड़े सुरक्षा प्रबंधों के बीच सभी संबद्ध कॉलेजों में मतदान प्रक्रिया जारी है. मतदान को दो अलग-अलग पालियों में विभाजित किया गया है—मॉर्निंग शिफ्ट के छात्र सुबह 8:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक और इवनिंग शिफ्ट के छात्र दोपहर 3:00 बजे से शाम 7:30 बजे तक अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे

नई दिल्ली: देश के सबसे प्रतिष्ठित छात्र राजनीति के मंच दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के लिए शुक्रवार, 18 सितंबर को सुबह से ही मतदान जारी है. डीयू के विभिन्न परिसरों में छात्र अपने प्रतिनिधियों को चुनने के लिए इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) के जरिए वोट डाल रहे हैं.

DNA India की रिपोर्ट के अनुसार, नॉर्थ और साउथ कैंपस के कॉलेजों में सुबह से ही छात्र-छात्राओं में उत्साह देखा जा रहा है. मतदान संपन्न होने के तुरंत बाद सभी ईवीएम मशीनों को सील कर कड़ी सुरक्षा के बीच केंद्रीय मतगणना केंद्र पहुंचाया जाएगा, जहां 19 सितंबर को मतगणना संपन्न होगी.

दो पालियों में मतदान: सुबह 8:30 से शाम 7:30 बजे तक का समय

छात्रों की कक्षाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मतदान दो पालियों में आयोजित किया जा रहा है:

सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ रखने के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन और दिल्ली पुलिस ने नॉर्थ कैंपस के प्रमुख मार्गों—छात्रा मार्ग, प्रोबिन रोड और यूनिवर्सिटी रोड—पर वाहनों के आवागमन को लेकर विशेष ट्रैफिक एडवाइजरी लागू की है, जो मतगणना और परिणाम घोषणा तक प्रभावी रहेगी.

शनिवार को मतगणना: यूनिवर्सिटी स्पोर्ट्स स्टेडियम में खुलेगी ईवीएम

मुख्य चुनाव अधिकारी राज किशोर शर्मा द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार:

सेंट्रल पैनल के प्रमुख उम्मीदवार: किस पद पर कौन आमने-सामने?

रिपोर्ट के अनुसार, डूसू के चार प्रमुख पदों (अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव) के लिए छात्र संगठनों ने अपने मजबूत उम्मीदवार उतारे हैं:

  1. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP):

  1. नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI):

  1. वामपंथी गठबंधन (AISA-SFI):

इसके अलावा, आम आदमी पार्टी समर्थित छात्र युवा संघर्ष समिति (CYSS/ASAP) ने अश्मित कुमार (अध्यक्ष) और पंकज कुमार (सचिव) को मैदान में उतारा है. वहीं, एजाज मंसूरी, समर्थ बेनीवाल और समीर कुमार सहित निर्दलीय उम्मीदवार भी अध्यक्ष पद की दौड़ में ताल ठोक रहे हैं.

कैंपस में '4-0' का दावा और छात्रों के अहम मुद्दे

चुनाव से पहले एबीवीपी के राष्ट्रीय महासचिव वीरेंद्र सिंह सोलंकी ने पूर्ण बहुमत का विश्वास जताते हुए चारों केंद्रीय पदों पर '4-0' से जीत दर्ज करने का दावा किया. दूसरी ओर, एनएसयूआई ने छात्र हितों, बेहतर सुविधाओं और सुरक्षित कैंपस के वादे पर चुनाव लड़ा है, जबकि वामपंथी गठबंधन धन-बल की राजनीति के खिलाफ छात्र-केंद्रित मुद्दों को लेकर मैदान में उतरा है.

मतदान संपन्न होने के बाद छात्रों और राजनीतिक दलों की निगाहें अब शनिवार की सुबह होने वाली मतगणना पर टिकी हैं, जिससे यह स्पष्ट होगा कि देश के सबसे बड़े केंद्रीय विश्वविद्यालय के छात्र संघ पर अगले एक वर्ष के लिए किसका कब्जा होगा.

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