डोंबिवली KDMC अस्पताल मारपीट मामला: शिवसेना की तरफ से MP श्रीकांत शिंदे की चेतावनी, बोले- कानून हाथ में लेने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

Dombivli KDMC Hospital Doctor Assault Case: कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका (KDMC) द्वारा संचालित शास्त्रीनगर अस्पताल में डॉक्टरों और चिकित्सा कर्मचारियों के साथ हुई मारपीट की घटना पर कल्याण लोकसभा क्षेत्र के सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे ने कड़ा रुख अपनाया है. उन्होंने इस कृत्य को पूरी तरह से अस्वीकार्य और अत्यंत निंदनीय बताया है. इस मामले में पुलिस ने संबंधित आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है.

सांसद शिंदे ने स्पष्ट किया है कि कानून को अपने हाथ में लेने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाएंगे. सोशल मीडिया पर साझा किए गए अपने बयान में उन्होंने डॉक्टरों की सुरक्षा और उनके सम्मान को सर्वोपरि बताया.  यह भी पढ़े:  Dombivli Hospital Assault Row: डोंबिवली में शिवसेना कॉर्पोरेटर रमेश म्हात्रे पर महिला डॉक्टर और नर्सों से मारपीट का आरोप, CCTV फुटेज वायरल होने के बाद FIR दर्ज; VIDEOS

MP श्रीकांत शिंदे की चेतावनी

"अस्पताल  सेवा केवल नौकरी नहीं, बल्कि मानवता की सेवा"

खुद एक डॉक्टर होने के नाते डॉ. श्रीकांत शिंदे ने स्वास्थ्य कर्मियों की चुनौतियों को रेखांकित किया. उन्होंने कहा कि मरीज की सेवा करना केवल एक आजीविका का जरिया या नौकरी नहीं है, बल्कि यह विशुद्ध रूप से मानवता की सेवा है.

चिकित्सक और नर्सिंग स्टाफ अक्सर बेहद कठिन, प्रतिकूल और मानसिक रूप से तनावपूर्ण परिस्थितियों में भी दिन-रात आम जनता के इलाज के लिए समर्पित रहते हैं. ऐसे में उनके साथ हिंसा करना किसी भी समाज में स्वीकार्य नहीं हो सकता.

आरोपी को नहीं मिलेगा राजनीतिक संरक्षण

इस घटना में सत्तारूढ़ पार्टी से जुड़े एक स्थानीय जनप्रतिनिधि (कॉर्पोरेटर) का नाम सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा तेज है. इस पर अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए सांसद शिंदे ने कहा कि पार्टी की भूमिका इस मामले में पूरी तरह साफ है.

उन्होंने आश्वासन दिया कि इस हमले में शामिल किसी भी व्यक्ति को संगठन या पार्टी की तरफ से कोई संरक्षण (सपोर्ट) नहीं दिया जाएगा. इसके साथ ही, कानूनी कार्रवाई के अलावा दोषी पाए जाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ पार्टी स्तर पर भी सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई (disciplinary action) की जाएगी.

डॉक्टरों के अधिकार और सुरक्षा का सम्मान जरूरी

एक जन प्रतिनिधि और डॉक्टर होने के नाते उन्होंने आश्वासन दिया कि वे कल्याण-डोंबिवली के सभी डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ के साथ मजबूती से खड़े हैं. उन्होंने समाज से अपील की कि सभी को चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े लोगों की सुरक्षा, उनके सम्मान और बिना किसी डर के काम करने के अधिकार का आदर करना चाहिए.

मामले की पृष्ठभूमि

यह विवाद कथित तौर पर सोमवार देर रात अस्पताल में एक गर्भवती महिला को भर्ती करने और एनआईसीयू (NICU) बेड की उपलब्धता को लेकर शुरू हुआ था. इसके बाद अस्पताल में मौजूद महिला डॉक्टरों और नर्सों के साथ कथित तौर पर हाथापाई की गई, जिसके विरोध में चिकित्सा कर्मियों ने विरोध प्रदर्शन भी किया और सुरक्षा की मांग की थी. पुलिस ने इस मामले में संबंधित धाराओं और 'महाराष्ट्र मेडिकेयर सर्विस पर्सन्स एक्ट' के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

Doctor Assault Caught on Camera: FIR Filed Against Shiv Sena Corporator Ramesh Mhatre

यह वीडियो डोंबिवली के अस्पताल में हुई इस घटना की जमीनी रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और मामले में दर्ज की गई एफआईआर से जुड़ी पूरी जानकारी विस्तार से समझने के लिए प्रासंगिक है.