Premanand Maharaj Disciple Death: ग्राइंडर, प्राइवेट पार्ट पर गंभीर चोट और डिलीटेड चैट; वृंदावन के आश्रम में रसिक दुलारी शरण की मौत पर गहराया रहस्य
उत्तर प्रदेश के वृंदावन स्थित गुरु कृपा कुंज आश्रम में प्रख्यात आध्यात्मिक संत प्रेमानंद महाराज के 25 वर्षीय शिष्य रसिक दुलारी शरण (दीपक लोधी) की चौथी मंजिल की छत से गिरकर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है. जांच के दौरान कमरे से मिले इलेक्ट्रिक ग्राइंडर, मृतक के गुप्तांग पर गंभीर कट के निशान और घटनास्थल से मिले खून के धब्बों ने मामले को बेहद पेचीदा बना दिया है.
वृंदावन/मथुरा: धार्मिक नगरी वृंदावन स्थित 'गुरु कृपा कुंज' आश्रम में प्रसिद्ध कथावाचक संत प्रेमानंद महाराज के एक युवा शिष्य की संदिग्ध मौत ने सनसनी फैला दी है. India Today की रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश के जबलपुर निवासी 25 वर्षीय दीपक लोधी उर्फ रसिक दुलारी शरण की आश्रम की चौथी मंजिल की छत से नीचे गिरने के बाद अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई.
दीपक ने करीब दो साल पहले दीक्षा ली थी और आश्रम में रहकर सेवा कर रहे थे. पुलिस शुरुआती जांच में इसे सुसाइड मान रही है, लेकिन कमरे से बरामद संदिग्ध सामान और पोस्टमॉर्टम में सामने आई शारीरिक चोटों ने कई अनसुलझे सवाल खड़े कर दिए हैं.
सीसीटीवी फुटेज के वो आखिरी 11 मिनट: खून से सने कपड़े और छत से छलांग
मथुरा पुलिस और फॉरेंसिक विशेषज्ञों द्वारा खंगाले गए आश्रम के सीसीटीवी फुटेज में घटनाक्रम का पूरा खाका सामने आया है:
- सुबह 10:25 बजे: रसिक दुलारी शरण अपने तीसरी मंजिल स्थित कमरे से बाहर निकलते दिखे. फुटेज में उनके कपड़ों पर खून के साफ निशान दिखाई दे रहे थे.
- छत पर चहलकदमी: कमरे से बाहर कुछ देर रुकने के बाद वे चौथी मंजिल की खुली छत (Terrace) की ओर बढ़े. छत की मुंडेर पर वे कुछ देर बैठे और जमीन पर करीब 10 सेकंड के लिए लेटे रहे.
- सुबह 10:36 बजे छलांग: अचानक उठकर उन्होंने मुंडेर से नीचे छलांग लगा दी.
- आवाज सुनकर दौड़े आश्रम के अनुयायी उन्हें तत्काल नजदीकी निजी अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.
कमरे में मिला ग्राइंडर और प्राइवेट पार्ट पर गंभीर चोट
जांच के दौरान पुलिस को कमरे से चौंकाने वाले साक्ष्य मिले हैं, जिन्होंने इस मामले को सामान्य आत्महत्या के दायरे से बाहर लाकर खड़ा कर दिया है:
- इलेक्ट्रिक ग्राइंडर बरामद: पुलिस ने मृतक के कमरे से एक बिजली का ग्राइंडर (Grinder) बरामद किया है, जिस पर खून के धब्बे पाए गए हैं। फॉरेंसिक टीम ने इस पर से उंगलियों के निशान और डीएनए नमूने जुटाए हैं.
- गुप्तांग पर कट के निशान: शुरुआती मेडिकल और पोस्टमॉर्टम जांच में मृतक के प्राइवेट पार्ट पर गंभीर घाव और कटने के निशान पाए गए हैं.
- डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक खून बहने (Excessive Bleeding) और छत से गिरने के कारण सिर में आई गंभीर चोट मौत की मुख्य वजह बनी.
- वृंदावन के सीओ (Circle Officer) संदीप कुमार सिंह के अनुसार, यह स्पष्ट होना अभी बाकी है कि छत से कूदने से पहले यह चोट खुद पहुंचाई गई थी या इसके पीछे कोई बाहरी वजह थी.
मोबाइल का डिलीटेड डेटा खंगाल रही फॉरेंसिक टीम
Mathrubhumi की रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस का मुख्य ध्यान अब डिजिटल सुरागों पर है:
- मोबाइल लैब भेजा गया: पुलिस ने रसिक दुलारी शरण का मोबाइल फोन जब्त कर राज्य फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (FSL) को भेजा है.
- डेटा रिकवरी: पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या घटना से ठीक पहले फोन से कोई फोटो, वीडियो, वॉट्सऐप चैट या कॉल रिकॉर्डिंग जानबूझकर डिलीट की गई थी. डिलीटेड डेटा की रिकवरी से उनकी मानसिक स्थिति और उठाए गए कदम के कारणों का खुलासा होने की उम्मीद है.
परिजनों का संदेह और पुलिस की जांच का दायरा
इधर, जबलपुर से पहुंचे परिजनों ने पूरे घटनाक्रम पर गहरा संदेह जताया है:
- परिजनों का आरोप है कि आश्रम में शामिल होने के बाद उन्हें दीपक से नियमित मिलने नहीं दिया जाता था. उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए आत्महत्या के सिद्धांत पर सवाल उठाए हैं.
- स्थानीय पुलिस ने आश्रम में साथ रहने वाले अन्य शिष्यों, सेवादारों और दीपक से अंतिम दिनों में संपर्क में रहे लोगों से गहन पूछताछ की है.
मथुरा पुलिस का कहना है कि सीसीटीवी, मोबाइल का डिजिटल डेटा और विसरा-फॉरेंसिक रिपोर्ट की अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही इस मौत के पीछे की असली वजह साफ हो पाएगी.