Muzaffarpur Couple Death Case: मुजफ्फरपुर में शादी के चार महीने बाद नवविवाहित जोड़े के मिले शव, मायके में फंदे से लटके मिले पति-पत्नी
प्रतीकात्मक तस्वीर (File Image)

पटना/मुजफ्फरपुर: बिहार (Bihar) के मुजफ्फरपुर जिले (Muzaffarpur District) से एक बेहद दुखद और रहस्यमयी घटना सामने आई है. मोतीपुर थाना क्षेत्र के नरियार नवादा गांव (Nariyar Nawada Village) में रविवार रात एक नवविवाहित जोड़े के शव उनके मायके वाले घर के अलग-अलग कमरों में फंदे से लटके बरामद किए गए. इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है. मृतकों की पहचान 21 वर्षीय विजय कुमार (सहनी) और उनकी 18 वर्षीय पत्नी अंजलि कुमारी (सहनी) के रूप में हुई है.

दोनों की शादी इसी वर्ष 13 मार्च 2026 को हुई थी. घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और शुरुआती छानबीन के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए श्री कृष्णा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (SKMCH) भेज दिया. यह भी पढ़ें: Karnataka Shocker: कर्नाटक के हुबली में नाबालिग से यौन उत्पीड़न के बाद दोबारा गर्भवती होने का मामला; माता-पिता और डॉक्टरों पर भी FIR दर्ज

बीमारी के इलाज के लिए मायके आई थी अंजलि

पारिवारिक सूत्रों और पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, अंजलि पिछले करीब 15 दिनों से अस्वस्थ चल रही थी और अपने मायके नरियार गांव में रहकर इलाज करा रही थी. विजय अपनी पत्नी से मिलने अक्सर अपने ससुराल आता रहता था और रविवार को भी वह वहां पहुंचा था.

घटना के समय अंजलि के माता-पिता डॉक्टर के पास गए हुए थे, जिससे घर पर केवल नवविवाहित जोड़ा ही मौजूद था. जब परिजन वापस लौटे, तो उन्होंने अंजलि और विजय को दो अलग-अलग कमरों में दुपट्टे के सहारे फंदे से लटका पाया. परिजनों ने तुरंत पड़ोसियों और स्थानीय पुलिस को इस घटना की सूचना दी.

दोनों पक्षों के बीच परस्पर आरोप-प्रत्यारोप

घटना के बाद दोनों परिवारों की ओर से एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं. विजय के परिजनों ने ससुराल पक्ष पर हत्या का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है. विजय के भाई का दावा है कि यदि अंजलि ने आत्महत्या की थी, तो उसके बाद विजय की हत्या कर शव को फंदे से लटकाया गया ताकि इसे आत्महत्या का रूप दिया जा सके.

दूसरी ओर, अंजलि की मां शीला देवी ने इन आरोपों को खारिज किया है. उन्होंने बताया कि अंजलि की शादी के लिए उन्होंने अपनी दो कट्ठा जमीन तक बेची थी. उन्होंने दावा किया कि शादी के बाद से ही उनकी बेटी को ससुराल में प्रताड़ित किया जा रहा था. शीला देवी के अनुसार, घटना वाले दिन सब कुछ सामान्य था और वे किसी भी तरह की हिंसा के आरोपों को बेबुनियाद मानती हैं.

पुलिस जांच और फॉरेंसिक रिपोर्ट का इंतजार

घटना की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक साइंस लैबोरेट्री (FSL) की टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए हैं. एसडीपीओ (पश्चिम-1) सुचित्रा कुमारी ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत होता है, लेकिन पुलिस सभी संभावित पहलुओं (हत्या व आत्महत्या) से मामले की जांच कर रही है.

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मौत के सटीक कारणों और समय का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा फॉरेंसिक विश्लेषण के बाद ही चल सकेगा. फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है.