भाजपा की अंतर्कलह बढ़ी; येदियुरप्पा के बेटे ने पार्टी के भीतर विरोधियों को दी चेतावनी
बीजेपी आलाकमान की इस घोषणा के बाद अंदरूनी कलह तेज हो गई कि चुनाव पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी केंद्रीय संसदीय समिति के सदस्य बी.एस. येदियुरप्पा के नेतृत्व में होगा. केंद्रीय नेताओं ने यह भी कहा है कि अगली सरकार येदियुरप्पा की इच्छा के अनुसार बनेगी.
बेंगलुरू, 16 मार्च: प्रदेश कांग्रेस (Congress) अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार (D. K. Shivakumar) और विपक्ष के नेता सिद्धारमैया (Siddaramaiah) के बीच मतभेद कम होते दिख रहे हैं, तो भाजपा (BJP) के भीतर की कलह खुलकर सामने आ रही है. बीजेपी आलाकमान की इस घोषणा के बाद अंदरूनी कलह तेज हो गई कि चुनाव पूर्व मुख्यमंत्री और बीजेपी केंद्रीय संसदीय समिति के सदस्य बी.एस. येदियुरप्पा के नेतृत्व में होगा. केंद्रीय नेताओं ने यह भी कहा है कि अगली सरकार येदियुरप्पा की इच्छा के अनुसार बनेगी. पार्टी सूत्रों ने कहा कि येदियुरप्पा को चुनावों की रणनीति बनाने के सभी मामलों में अपनी राय रखने का अधिकार दिया गया है. आवास मंत्री वी. सोमन्ना ने खुद को पार्टी मामलों से दूर रखा और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा (J.P Nadda) की उपस्थिति वाले प्रमुख कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए. यह भी पढ़ें: हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार, भाजपा ने विधानसभा में एक-दूसरे पर निशाना साधा
मंत्री सोमन्ना ने नई दिल्ली जाकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की। उन्होंने अपनी व्यथा उनके सामने रखी. सूत्र बताते हैं कि सोमन्ना अपने क्षेत्र में येदियुरप्पा और उनके समर्थकों के हस्तक्षेप से नाराज थे. येदियुरप्पा के बेटे विजयेंद्र पर अप्रत्यक्ष रूप से हमला करने वाले सोमन्ना के बेटे का ऑडियो भी वायरल हुआ है. राष्ट्रीय महासचिव व भाजपा विधायक सी.टी. रवि ने येदियुरप्पा की घोषणा पर आपत्ति जताई थी कि उनके बेटे विजयेंद्र शिकारीपुरा निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव लड़ेंगे. रवि ने कहा कि विजयेंद्र के लिए टिकट आवंटन का मुद्दा पार्टी द्वारा तय किया जाएगा.
विजयेंद्र ने इस मुद्दे पर अपनी चुप्पी तोड़ी है और उन लोगों को चेतावनी दी, जो उनके परिवार के खिलाफ साजिश रच रहे हैं. बुधवार रात रानीबेन्नूर शहर में युवा मोर्चा के सम्मेलन में अपने भाषण में उन्होंने कहा, येदियुरप्पा की आलोचना करने वालों को सावधान रहना चाहिए. अगर कोई येदियुरप्पा की खामोशी को उनकी कमजोरी समझता है तो उसे पछताना पड़ेगा. लोग आरोप लगाते हैं कि येदियुरप्पा 81 साल के हैं. इस उम्र में वह राज्य भर में दौरा कर रहे हैं और पार्टी के लिए प्रचार कर रहे हैं. क्या पार्टी में किसी में यह आश्वासन देने का साहस है कि वे राज्य में भाजपा को सत्ता में लाएंगे?
येदियुरप्पा का अपने बेटे को सीएम बनाने का सपना नहीं है. बीजेपी के अंदरूनी सूत्रों का कहना है कि पार्टी के भीतर सब ठीक नहीं है और अंदरूनी कलह जारी है. ऐसे समय में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित केंद्रीय नेतृत्व राज्य में भाजपा को सत्ता में लाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहा है, नए घटनाक्रम ने चिंता बढ़ा दी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 16, 2023 01:58 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

