'बिहार हमारा है, हम आते रहेंगे', राजद विधायक की जेल भेजने की धमकी पर बाबा बागेश्वर का पलटवार
बिहार आने पर जेल भेजे जाने की राष्ट्रीय जनता दल (राजद) विधायक की धमकी के बाद बाबा बागेश्वर ने गोपालगंज में हनुमंत कथा के तीसरे दिन रविवार को जोरदार पलटवार किया. प्रसिद्ध कथावाचक और बागेश्वर धाम के प्रमुख धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री उर्फ बाबा बागेश्वर ने कहा, "हिंदुओं का परचम अब दिखने लगा है.
गोपालगंज, 9 मार्च : बिहार आने पर जेल भेजे जाने की राष्ट्रीय जनता दल (राजद) विधायक की धमकी के बाद बाबा बागेश्वर ने गोपालगंज में हनुमंत कथा के तीसरे दिन रविवार को जोरदार पलटवार किया. प्रसिद्ध कथावाचक और बागेश्वर धाम के प्रमुख धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री उर्फ बाबा बागेश्वर ने कहा, "हिंदुओं का परचम अब दिखने लगा है. लोग कहते हैं कि अगर हम बिहार आए तो जेल में डाल दिया जाएगा. तुम रोहिंग्या और घुसपैठियों को रोक नहीं पाए, हम तो भारत के हैं, हम बिहार के हैं, बिहार हमारा है और हम आते रहेंगे."
उन्होंने स्पष्ट किया कि वह किसी पार्टी के प्रचारक नहीं हैं और न ही किसी राजनीतिक दल का समर्थन करते हैं. उनका उद्देश्य सिर्फ और सिर्फ भगवान बजरंग बली की भक्ति है. उन्होंने कहा, "जब तक जिंदा रहेंगे, तब तक दरबार लगाएंगे और जिंदगी भर बिहार आएंगे. बिहार हमारा घर है, हमारी आत्मा है." यह भी पढ़ें : महाकुंभ पर राज ठाकरे का बयान, कहा- गंगा का पानी साफ नहीं, मैं इसे छू भी नहीं सकता
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय जनता दल के विधायक चंद्रशेखर ने कहा था कि धीरेंद्र शास्त्री को जेल में डाल देना चाहिए, क्योंकि वह संविधान विरोधी बात करते हैं. उन्होंने सवाल उठाया कि क्या हमारा संविधान हिंदू राष्ट्र बनाने की इजाजत देता है. उन्होंने कहा कि धीरेंद्र शास्त्री "राम रहीम और आसाराम" जैसी श्रेणी के बाबा हैं, और अगर इनकी अंदरूनी जांच की जाए तो सच सामने आ जाएगा.
कथा के दौरान उमड़ी भीड़ को संबोधित करते हुए बाबा बागेश्वर ने कहा कि वह नहीं चाहते कि उनके समर्थकों द्वारा कोई गड़बड़ी हो, क्योंकि ऐसा होने पर विरोधी उनका विरोध करने का मौका पा सकते हैं. उन्होंने कहा, "अगर कुछ भी गड़बड़ हुआ, तो विरोधी यहां हंगामा मचाने का मौका पा सकते हैं. हम नहीं चाहते कि सनातन धर्म का नाम खराब हो." बाबा बागेश्वर ने यह भी याद दिलाया कि पिछली बार जब कुछ लोगों ने उन्हें पटना एयरपोर्ट पर उतरने से रोकने की कोशिश की थी, तब बिहारवासियों ने मिलकर 12 लाख लोगों की भीड़ इकट्ठी कर कथावाचन सुना और एक वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया था.
(The above story first appeared on LatestLY on Mar 09, 2025 02:43 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

