मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा में सामूहिक विवाह, एक साथ 3353 जोड़े बंधे शादी के बंधन में
ध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में गुरुवार को एक साथ 3353 जोड़ों ने परिणय-सूत्र में बंधकर कीर्तिमान रचा. यह सामूहिक विवाह सम्मेलन गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज हो गया.
छिंदवाड़ा: मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा में गुरुवार को एक साथ 3353 जोड़ों ने परिणय-सूत्र में बंधकर कीर्तिमान रचा. यह सामूहिक विवाह सम्मेलन गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज हो गया. मुख्यमंत्री कन्या विवाह-निकाह एवं दिव्यांग विवाह प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत सामूहिक विवाह सम्मेलन गुरुवार को यहां के पुलिस ग्राउंड में आयोजित किया गया. इस समारोह में 3353 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ, जिसमें 114 दिव्यांग जोड़े भी शामिल थे। यह आंकड़ा अब तक हुए सामूहिक विवाहों में सबसे ज्यादा है. गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड साउथ एशिया के हेड आलोक कुमार ने छिन्दवाड़ा के सामूहिक विवाह सम्मेलन के गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड का प्रमाण पत्र मुख्यमंत्री कमलनाथ को प्रदान किया.
आलोक कुमार ने बताया कि इसके पूर्व सिंगरोली जिले में 2290 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ था। छिंदवाड़ा में आयोजित सामूहिक विवाह सम्मेलन ने इस रिकार्ड को ध्वस्त किया है. इस मौके पर मुख्यमंत्री कमलनाथ ने कहा, "विविधता में एकता की भावना समाहित करने वाले इस देश में विभिन्न धर्म, जाति, संप्रदाय के लोग आपसी भाईचारे के साथ रहते हैं। यह देश की सबसे बड़ी शक्ति है। यही हमारी अमूल्य धरोहर है। इसी परम्परा का निर्वहन करते हुए विभिन्न धर्म, जाति के लोग आज इस सामूहिक विवाह कार्यक्रम में सम्मिलित हुए." यह भी पढ़े: योगी सरकार ने सामूहिक विवाह योजना के तहत साढ़े 3 लाख नवदंपतियों को दहेज से बचाया
उन्होंने चार दशक पहले शुरू हुई उनकी यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि छिंदवाड़ा को किस तरह आने वाली पीढ़ी के लिए विकसित किया जाए, यह उनका स्वप्न था. वर्तमान युवा पीढ़ी इंटरनेट से जुड़ी है। यह ज्ञान ही सबसे बड़ी शक्ति है जिसका उपयोग कर जीवन को सफल बनाया जा सकता है. उन्होंने कहा कि 40 साल पहले के छिंदवाड़ा का परिदृश्य वर्तमान छिंदवाड़ा से काफी भिन्न था.तत्कालीन समय में छिंदवाड़ा में पेयजल, सड़क, विद्युत आपूर्ति आदि की समस्याएं थीं. वर्तमान समय में जिले के युवाओं को किस प्रकार रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएं,
आम जन को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता और शिक्षा के क्षेत्र का विकास मुख्य चुनौती है.इस चुनौती से निपटने के लिए युवा वर्ग को आगे आना होगा, तभी बेहतर एवं विकसित छिंदवाड़ा के माध्यम से प्रदेश एवं राष्ट्र निर्माण संभव हो सकेगा। किसान फसल ऋण माफी योजना, इंदिरा गृह ज्योति योजना का भी उन्होंने विशेष उल्लेख किया. सांसद नकुलनाथ ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि उन्हें खुशी है कि सरकार ने अपने वचन को बखूबी निभाया है. पेंशन सहायता, कन्यादान विवाह की राशि को दोगुनी की गई है.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 21, 2020 12:27 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

