Aamir Khan Death Threat: बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान को कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जान से मारने की धमकी मिलने का सनसनीखेज मामला सामने आया है. सोशल मीडिया पोस्ट और ऑडियो संदेशों के जरिए दी गई इस धमकी में आमिर खान की हाल ही में गौरी स्प्रैट के साथ हुई तीसरी शादी को 'लव जिहाद' का रूप दिया गया है. इस घटना के बाद मुंबई पुलिस तुरंत हरकत में आ गई है और एहतियात के तौर पर अभिनेता की सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा कर दिया गया है.
धमकी में 'लव जिहाद' का आरोप, 'सांसें दबाने' की कही बात
इंटरनेट पर प्रसारित हो रहे धमकी भरे संदेशों में कथित तौर पर बिश्नोई गिरोह के सक्रिय सदस्यों 'आरजू बिश्नोई' और 'टायसन बिश्नोई' के नामों का उल्लेख है. इन संदेशों में चेतावनी दी गई है कि वे ऐसी गतिविधियों को स्वीकार नहीं करेंगे और इसमें शामिल व्यक्ति की "सांसें दबा दी जाएंगी". यह भी पढ़े: Salman Post after Getting Threat: जान से मारने की धमकी मिलने के बाद सलमान ने किया पोस्ट, लिखा ये कैप्शन
यह पूरा विवाद आमिर खान द्वारा 5 जुलाई 2026 को गौरी स्प्रैट के साथ की गई रजिस्टर्ड कोर्ट मैरिज के बाद शुरू हुआ है. इस विवाह को लेकर कुछ संगठनों द्वारा पहले भी सोशल मीडिया पर विरोध दर्ज कराया जा चुका है.
आमिर खान का रुख और मुंबई पुलिस की जांच
इस पूरे मामले और विवाह को लेकर लगे आरोपों पर आमिर खान ने पहले ही अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी थी. उन्होंने बताया था कि उनकी पत्नी गौरी ईसाई धर्म से ताल्लुक रखती हैं और उन्होंने कोई धर्म परिवर्तन नहीं किया है. अभिनेता ने यह भी रेखांकित किया था कि उनका परिवार एक धर्मनिरपेक्ष माहौल में रहता है, जहां विभिन्न धर्मों का सम्मान होता है.
इस धमकी भरे इनपुट के सामने आने के बाद हालांकि अभिनेता की टीम की ओर से अब तक कोई आधिकारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है, लेकिन मुंबई पुलिस की साइबर सेल और स्थानीय थानों ने स्वतः संज्ञान लेते हुए डिजिटल फुटप्रिंट्स की जांच शुरू कर दी है. सुरक्षा प्रोटोकॉल के तहत अभिनेता के आवास और कार्यस्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है.
फिल्म इंडस्ट्री और बिश्नोई गिरोह का पुराना इतिहास
लॉरेंस बिश्नोई गिरोह द्वारा फिल्म जगत की नामचीन हस्तियों को निशाना बनाने या फिरौती के लिए धमकाने का यह कोई पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी बॉलीवुड के कई शीर्ष अभिनेताओं और निर्देशकों को इस सिंडिकेट से जुड़े लोगों द्वारा सुरक्षा संबंधी धमकियां मिल चुकी हैं. पुलिस प्रशासन फिलहाल इन संदेशों की तकनीकी सत्यता की जांच कर रहा है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि यह वास्तव में किसी संगठित गिरोह का काम है या किसी शरारती तत्व द्वारा दहशत फैलाने की कोशिश है.













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