देश की खबरें | कफ सीरप को लेकर डब्ल्यूएचओ की हालिया चेतावनी ‘चिंताजनक’, पूरी जांच की जरूरत: विशेषज्ञ
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पश्चिमी अफ्रीकी देश गांबिया में हुई बच्चों की मौत को एक भारतीय दवा कंपनी द्वारा निर्मित कफ सीरप से जोड़ने संबंधी विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की हालिया चेतावनी ‘‘चिंताजनक’’ है और कुछ ऐसी कड़ियां हैं जिनकी ‘‘जांच’’ करने की जरूरत है। यह बात एक विशेषज्ञ ने शनिवार को कही।
नयी दिल्ली, आठ अक्टूबर पश्चिमी अफ्रीकी देश गांबिया में हुई बच्चों की मौत को एक भारतीय दवा कंपनी द्वारा निर्मित कफ सीरप से जोड़ने संबंधी विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की हालिया चेतावनी ‘‘चिंताजनक’’ है और कुछ ऐसी कड़ियां हैं जिनकी ‘‘जांच’’ करने की जरूरत है। यह बात एक विशेषज्ञ ने शनिवार को कही।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने बुधवार को चेतावनी दी कि हरियाणा के सोनीपत स्थित ‘मेडेन फार्मास्युटिकल्स लिमिटेड’ द्वारा कथित तौर पर उत्पादित ‘दूषित’ और ‘कम गुणवत्ता’ वाले चार कफ सीरप पश्चिमी अफ्रीकी देश गांबिया में हुई बच्चों की मौत का कारण हो सकते हैं।
चार उत्पाद प्रोमेथाज़िन ओरल सॉल्यूशन, कोफेक्समालिन बेबी कफ सीरप, मकॉफ़ बेबी कफ सीरप और मैग्रीप एन कोल्ड सीरप हैं।
सीनियर फार्माकोलॉजिस्ट और स्टैंडिंग नेशनल कमेटी ऑन मेडिसिन्स (एसएनसीएम) के उपाध्यक्ष प्रोफेसर वाई के गुप्ता ने कहा, ‘‘डब्ल्यूएचओ से यह सूचना चिंताजनक है कि एक भारतीय फार्मा कंपनी द्वारा निर्मित कफ सीरप में एथिलीन ग्लाइकॉल की मौजूदगी के कारण 66 बच्चों की मौत हो गई।’’
उन्होंने कहा, ‘‘हालांकि, इसमें कुछ ऐसी कड़ियां हैं जिनका सावधानीपूर्वक पता लगाने और जांच करने की आवश्यकता है।’’
डॉ. गुप्ता ने कहा कि पहली मौत जुलाई में सामने आयी थी जिसके इसी कारण से होने का संदेह है।
भारत के औषधि महानियंत्रक डीसीजीआई को 29 सितंबर को डब्ल्यूएचओ से एक पत्र मिला था और भारत सरकार और औषधि महानियंत्रक ने फौरन कदम उठाये थे।
डॉ गुप्ता ने कहा कि पत्र मिलने के तुरंत बाद पूरा विवरण मांगते हुए एक जवाबी पत्र लिखा गया था। एक अक्टूबर को रविवार और दो अक्टूबर को राष्ट्रीय अवकाश होने के बावजूद, जांच शुरू की गई।
उन्होंने पीटीआई- से कहा, ‘‘यहां यह समझना महत्वपूर्ण है कि डीसीजीआई द्वारा केवल नयी दवा की मंजूरी दी जाती है जबकि निर्माण और बिक्री का लाइसेंस राज्य औषधि नियंत्रक द्वारा दिया जाता है।
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