देश की खबरें | उत्तर प्रदेश में जल्द एकीकृत शिक्षा सेवा चयन आयोग का गठन होगा : मुख्यमंत्री

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि प्रदेश सरकार बेसिक, माध्यमिक और उच्च शिक्षा संस्थानों में शिक्षकों की समयबद्ध भर्ती के लिए प्रतिबद्ध है और जल्द ही इस उद्देश्य के लिए एकीकृत शिक्षा सेवा चयन आयोग का गठन किया जाएगा।

लखनऊ, तीन फरवरी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को कहा कि प्रदेश सरकार बेसिक, माध्यमिक और उच्च शिक्षा संस्थानों में शिक्षकों की समयबद्ध भर्ती के लिए प्रतिबद्ध है और जल्द ही इस उद्देश्य के लिए एकीकृत शिक्षा सेवा चयन आयोग का गठन किया जाएगा।

एक सरकारी बयान के मुताबिक योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को प्रदेश में शैक्षिक संस्थानों में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया की समीक्षा करते हुए एकीकृत आयोग के रूप में 'उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग' के गठन के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के बेसिक, माध्यमिक, उच्च और तकनीकी शिक्षण संस्थानों में योग्य शिक्षकों के चयन के लिए अलग-अलग प्राधिकारी, बोर्ड व आयोग संचालित हैं। उन्होंने कहा कि परीक्षा नियामक प्राधिकारी, माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन आयोग और उच्चतर शिक्षा सेवा चयन आयोग के अलावा उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के माध्यम से भी चयन की व्यवस्था लागू है; नीतिगत सुधारों के क्रम में भविष्य की आवश्यकताओं को देखते हुए शिक्षक चयन आयोगों को एकीकृत स्वरूप दिया जाना उचित होगा।

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि शिक्षक चयन अयोगों को एकीकृत स्वरूप देते हुए निगमित निकाय के रूप में 'उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के गठन किया जाना चाहिए; शिक्षकों के समयबद्ध चयन, मानव संसाधन का बेहतर उपयोग और वित्तीय अनुशासन सुनिश्चित करने में आयोग उपयोगी सिद्ध होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश शिक्षा चयन आयोग को एक स्वायत्तशाषी निगमित निकाय का स्वरूप दिया जाना चाहिए।

उन्होंने कहा कि प्राथमिक तथा उच्च प्राथमिक स्तर की शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) का आयोजन भी इसी नए आयोग के माध्यम से किया जाना चाहिए और यह सुनिश्चित किया जाए कि टीईटी समय पर हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि संस्कृत विद्यालयों का उन्नयन राज्य सरकार की प्राथमिकता में है; संस्कृत विद्यालयों में अवस्थापना सुविधाओं के विकास के साथ-साथ अध्ययनरत विद्यार्थियों के प्रोत्साहन के लिए छात्रवृत्ति भी दी जानी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस संबंध में विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर यथाशीघ्र प्रस्तुत करें।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now