देश की खबरें | शांतिनिकेतन को यूनेस्को की विश्वविरासत सूची में शामिल करने की सिफारिश की गई

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. नोबेल पुरस्कार विजेता कवि रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा करीब एक सदी पहले स्थापित शांतिनिकेतन को एक अंतरराष्ट्रीय सलाहकार निकाय ने यूनेस्को की विश्व विरासत सूची में शामिल करने की सिफारिश की है। केंद्रीय संस्कृति मंत्री जी. किशन रेड्डी ने यह जानकारी दी।

नयी दिल्ली/कोलकाता, 10 मई नोबेल पुरस्कार विजेता कवि रवींद्रनाथ टैगोर द्वारा करीब एक सदी पहले स्थापित शांतिनिकेतन को एक अंतरराष्ट्रीय सलाहकार निकाय ने यूनेस्को की विश्व विरासत सूची में शामिल करने की सिफारिश की है। केंद्रीय संस्कृति मंत्री जी. किशन रेड्डी ने यह जानकारी दी।

भारत लंबे समय से पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में स्थित इस सांस्कृतिक स्थल को यूनेस्को की सूची में शामिल किये जाने को लेकर प्रयास करता रहा है।

रेड्डी ने मंगलवार देर रात एक ट्वीट में कहा, ‘‘गुरुदेव रवींद्रनाथ टैगोर की जयंती पर भारत के लिए अच्छी खबर है। पश्चिम बंगाल में शांतिनिकेतन को यूनेस्को विश्व धरोहर केंद्र की सलाहकार संस्था आईसीओएमओएस द्वारा विश्व विरासत सूची में शामिल करने की सिफारिश की गई है।’’

मंत्री ने अपने ट्वीट में कहा, ‘‘यह दुनिया को हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत दिखाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाता है। सितंबर 2023 में सऊदी अरब के रियाद में होने वाली विश्व विरासत समिति की बैठक में इसकी औपचारिक घोषणा की जाएगी।’’

फ्रांस स्थित इंटरनेशनल काउंसिल ऑन मॉन्यूमेंट्स एंड साइट्स (आईसीओएमओएस) एक अंतरराष्ट्रीय गैर-सरकारी संगठन है जिसमें पेशेवर, विशेषज्ञ, स्थानीय अधिकारियों, कंपनियों और विरासत संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हैं और यह वास्तुकला और विरासत के संरक्षण और वृद्धि के लिए समर्पित है।

इस सिफारिश को ‘गर्व का क्षण’ बताते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने इसका स्वागत किया है।

विश्वविद्यालय की प्रवक्ता महुआ बंदोपाध्याय ने बुधवार को ‘पीटीआई-’ को बताया, ‘‘हमारी सूचना के अनुसार, विश्व-भारती भारत का पहला संचालित विश्वविद्यालय है जिसे यह सम्मान मिलेगा।’’

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