देश की खबरें | आरएसएस प्रमुख भागवत का पांच दिवसीय अलीगढ़ दौरा समाप्त, पारिवारिक मूल्यों पर जोर

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने पारंपरिक भारतीय पारिवारिक मूल्यों को पुनर्जीवित करने और पुनर्निर्माण की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया है।

अलीगढ़ (उप्र), 22 अप्रैल राष्‍ट्रीय स्‍वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने पारंपरिक भारतीय पारिवारिक मूल्यों को पुनर्जीवित करने और पुनर्निर्माण की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया है।

आरएसएस प्रमुख ने अलीगढ़ में अपने पांच दिवसीय दौरे का समापन संघ कार्यकर्ताओं से सामाजिक सद्भाव और राष्ट्रीय पुनरुत्थान के लिए महत्वपूर्ण सिद्धांतों को बनाए रखने और उनका प्रचार करने का आह्वान करते हुए किया।

सोमवार को अपने दौरे के अंतिम दिन मध्य उत्तर प्रदेश के बृज क्षेत्र के आरएसएस पदाधिकारियों के साथ बातचीत में भागवत ने पारंपरिक भारतीय पारिवारिक मूल्यों को पुनर्जीवित करने और पुनर्निर्माण की तत्काल आवश्यकता पर जोर दिया और इसे "भारतीय समाज की आधारशिला" बताया।

उन्होंने लोगों को उन बुनियादी प्रथाओं की याद दिलाई जो प्राचीन काल से पारिवारिक जीवन का हिस्सा रही हैं। उन्होंने परिवार में साझा भोजन पर जोर देते हुए कहा कि भोजन के समय जैसे पारिवारिक समारोहों का मूल्य समाज के नैतिक मानकों की धुरी बन जाता है। भागवत ने कहा कि दूसरा बुनियादी सिद्धांत "समरसता" के मूल्य को विकसित करने की आवश्यकता है जो समाज के भीतर सद्भाव की ओर ले जाता है और सामाजिक तनाव को दूर करता है।

उन्होंने आरएसएस प्रचारकों से जाति-आधारित भेदभाव को खत्म करने की दिशा में सक्रिय रूप से काम करने का आग्रह किया। उन्होंने जाति आधारित भेदभाव को एक विभाजनकारी ताकत बताया जो सामाजिक ताने-बाने को कमजोर करती है।

भागवत ने सामाजिक रूप से एकजुट और समतापूर्ण भारत की नींव रखने में भूमिका के लिए डॉ. भीमराव आंबेडकर को याद किया। उन्होंने कहा, "आधुनिक भारत में सुधार और न्याय की भावना का संचार करने के लिए राष्ट्र आंबेडकर का ऋणी है।"

आर्थिक मामलों पर, आरएसएस प्रमुख ने स्वदेशी की भावना को पुनर्जीवित करने के महत्व को रेखांकित किया और लोगों से स्वदेशी परंपराओं और कौशल पर आधारित घरेलू रूप से निर्मित उत्पादों को संरक्षण देने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा कि स्वदेशी लोकाचार न केवल अर्थव्यवस्था को मजबूत करता है बल्कि सांस्कृतिक विरासत को भी संरक्षित करता है।

भागवत ने पर्यावरण संरक्षण पर अधिक ध्यान देने का भी आह्वान किया। उन्होंने भारत की प्राकृतिक विरासत की रक्षा करने की आवश्यकता रेखांकित की, जिसमें इसके वन्यजीव और गांव के तालाबों और झीलों जैसी जल प्रबंधन की पारंपरिक प्रणालियाँ शामिल हैं।

आरएसएस प्रमुखने 'नागरिक जिम्मेदारी' को बढ़ावा देने पर जोर दिया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह अपने दैनिक आचरण में राष्ट्र निर्माण में योगदान दे।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

DC vs RCB, WPL 2026 11th Match Live Toss And Scorecard: नवी मुंबई में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु महिला की कप्तान स्मृति मंधाना ने जीता टॉस, पहले गेंदबाजी करने का किया फैसला; यहां देखें दोनों टीमों की प्लेइंग इलेवन और लाइव स्कोरकार्ड

Punjab State Dear Lohri Makar Sankranti Bumper Lottery 2026: जानें कब होगी घोषणा, कितनी है इनामी राशि और कैसे देखें रिजल्ट

UPW vs MI, WPL 2026 10th Match Scorecard: नवी मुंबई में यूपी वारियर्स महिला ने मुंबई इंडियंस महिला को 22 रनों से हराया, गेंदबाजों ने मचाया कोहराम; यहां देखें मैच का स्कोरकार्ड

IND U19 vs BAN U19, ICC Under 19 World Cup 2026 7th Match Scorecard: बुलावायो में टीम इंडिया ने बांग्लादेश के सामने रखा 239 रनों का टारगेट, वैभव सूर्यवंशी और अभिज्ञान कुंडू ने खेली धमाकेदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

\