देश

Nashik School Holiday: नाशिक में 7 जुलाई को बंद रहेंगे सभी स्कूल और कॉलेज, मनपा आयुक्त मनीषा खत्री का कड़ा आदेश

महाराष्ट्र के नाशिक जिले में अगले 48 घंटों के दौरान मूसलाधार बारिश और बादल फटने की गंभीर चेतावनी के बीच जिला प्रशासन और नाशिक महानगरपालिका ने बड़ा फैसला लिया है. मंगलवार, 7 जुलाई 2026 को नाशिक मनपा सीमा के भीतर आने वाले सभी प्राथमिक, माध्यमिक स्कूल और कॉलेज पूरी तरह बंद रहेंगे.

Nashik School Holiday: नाशिक में 7 जुलाई को बंद रहेंगे सभी स्कूल और कॉलेज, मनपा आयुक्त मनीषा खत्री का कड़ा आदेश
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: Pixabay)

नाशिक: मुंबई (Mumbai) और तटीय कोंकण (Konkan) के बाद अब उत्तर महाराष्ट्र के नाशिक (Nashik) जिले पर मानसूनी बारिश का सबसे बड़ा खतरा मंडरा रहा है. नाशिक और त्र्यंबकेश्वर क्षेत्र में अगले 48 घंटों के भीतर 'ढगफुटी' (बादल फटने जैसी स्थिति) होने और रिकॉर्ड तोड़ 300 मिमी तक बारिश होने की गंभीर मौसम चेतावनी जारी की गई है. इस संभावित प्राकृतिक आपदा को देखते हुए नाशिक महानगरपालिका की आयुक्त मनीषा खत्री (Manisha Khatri) ने एक कड़ा और आधिकारिक आदेश जारी किया है. आदेश के मुताबिक, छात्रों की सुरक्षा के मद्देनजर मंगलवार, 7 जुलाई 2026 को नाशिक मनपा (NMC) क्षेत्र की सीमा में आने वाले सभी माध्यमों (मराठी, अंग्रेजी, हिंदी आदि) के प्राथमिक, माध्यमिक स्कूल और जूनियर व सीनियर कॉलेज पूरी तरह बंद रहेंगे. यह भी पढ़ें: Mumbai-Thane School Holiday: भारी बारिश के बीच मुंबई, ठाणे, पालघर समेत आसपास के जिलों में आज स्कूल-कॉलेज रहेंगे बंद; आदेश जारी

आयुक्त मनीषा खत्री का कड़ा प्रशासनिक आदेश

नाशिक जिले के ग्रामीण इलाकों में छुट्टी घोषित होने के बाद महानगरपालिका क्षेत्र के लिए भी देर शाम कड़े कदम उठाए गए. मनपा आयुक्त मनीषा खत्री द्वारा जारी आधिकारिक परिपत्रक (Circular) में स्पष्ट किया गया है कि यह आदेश सभी निजी, सरकारी, सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त शैक्षणिक संस्थानों पर समान रूप से लागू होगा.

प्रशासन ने साफ किया है कि अगले 48 घंटे बेहद संवेदनशील हैं, इसलिए अभिभावक और छात्र किसी भी तरह का जोखिम न उठाएं और घरों में ही सुरक्षित रहें.

नाशिक में 7 जुलाई को बंद रहेंगे सभी स्कूल और कॉलेज

मुख्यमंत्री के अलर्ट के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद

इस भारी मानसूनी आफत को लेकर राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई के राज्य आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष से नाशिक के हालात की कूटनीतिक समीक्षा की. मुख्यमंत्री द्वारा नाशिक-त्र्यंबकेश्वर बेल्ट में क्लाउडबर्स्ट (Cloudburst) की आशंका जताए जाने के तुरंत बाद पूरा जिला प्रशासन हाई अलर्ट पर आ गया है.

नाशिक के जिलाधिकारी आयुष प्रसाद (Ayush Prasad) ने पुलिस और जल संसाधन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक आपातकालीन कूटनीतिक बैठक की, जिसके बाद कई बड़े सुरक्षात्मक निर्णय लिए गए हैं.

त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग और सप्तशृंगी मंदिर भी श्रद्धालुओं के लिए बंद

भारी बारिश और पहाड़ों से पत्थरों के गिरने (Landslides) के कूटनीतिक खतरे को देखते हुए केवल स्कूलों की छुट्टी नहीं की गई है, बल्कि दो प्रमुख धार्मिक स्थलों को भी अस्थाई रूप से बंद कर दिया गया है:

  • त्र्यंबकेश्वर मंदिर: प्रसिद्ध त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर को आज रात से ही श्रद्धालुओं के लिए पूरी तरह बंद कर दिया गया है.
  • सप्तशृंगी गढ़: वणी स्थित सप्तशृंगी देवी मंदिर में भी भक्तों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है ताकि किसी भी तरह की भगदड़ या भूस्खलन जैसी दुर्घटना से बचा जा सके.

प्रशासन की कूटनीतिक सलाह: आपदा प्रबंधन विभाग ने चिनाब और गोदावरी नदी के तटों तथा मौसमी नालों के किनारे रहने वाले नागरिकों को ऊंचे व सुरक्षित स्थानों पर जाने का निर्देश दिया है. किसी भी आपातकालीन सहायता के लिए नागरिक महानगरपालिका और जिला आपदा नियंत्रण कक्ष के हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Jul 06, 2026 06:14 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).