Kalyan Flood Alert: कल्याण में बाढ़ का हाई अलर्ट, खतरे के निशान के बेहद करीब पहुंची उल्हास नदी; मूसलाधार बारिश और हाई टाइड ने बढ़ाई प्रशासन की चिंता
महाराष्ट्र के कल्याण में लगातार हो रही मूसलाधार मानसूनी बारिश के कारण उल्हास नदी का जल स्तर खतरे के निशान के बेहद करीब पहुंच गया है. सोमवार, 6 जुलाई 2026 को दोपहर 2:00 बजे नदी का जल स्तर 17.457 मीटर दर्ज किया गया, जो 17.5 मीटर के खतरे के निशान से महज कुछ सेंटीमीटर दूर है.
कल्याण: महाराष्ट्र (Maharashtra) के ठाणे जिले (Thane) के अंतर्गत आने वाले कल्याण और इसके आसपास के इलाकों में पिछले 24 घंटों से जारी मूसलाधार मानसूनी आफत के कारण बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है. लगातार हो रही भारी बारिश के चलते कल्याण (kalyan) से होकर बहने वाली उल्हास नदी (Ulhas River) उफान पर है और खतरे के निशान के बेहद करीब पहुंच गई है. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन और स्थानीय नगर निगम ने तटीय इलाकों के लिए हाई अलर्ट (High Alert) जारी कर दिया है. यह भी पढ़ें: Mumbai Rains: मुंबई में मूसलाधार बारिश और भारी जलभराव के कारण डिब्बावालों ने बंद की सेवा, मुंबई यूनिवर्सिटी की परीक्षाएं टलीं
खतरे के निशान से महज कुछ सेंटीमीटर दूर जल स्तर
सोमवार, 6 जुलाई 2026 को दोपहर 2:00 बजे आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, उल्हास नदी का जल स्तर 17.457 मीटर पर पहुंच गया है.
यह जल स्तर नदी की कूटनीतिक चेतावनी सीमा (Warning Level) 16.5 मीटर को पहले ही पार कर चुका है और अब 17.5 मीटर के मुख्य खतरे के निशान (Danger Level) के बिल्कुल करीब पहुंच गया है. पहाड़ों और कैचमेंट एरिया में हो रही लगातार बारिश के कारण नदी का जल स्तर लगातार बढ़ रहा है.
मूसलाधार बारिश और हाई टाइड का डबल अटैक
सोमवार सुबह 8:30 बजे तक के आंकड़ों के अनुसार, क्षेत्र में 158.6 मिमी संचयी (Cumulative) मूसलाधार बारिश दर्ज की जा चुकी है.
इस गंभीर स्थिति को सोमवार दोपहर बाद लगभग 3:50 बजे समुद्र में आने वाले हाई टाइड (ज्वार) ने और अधिक कूटनीतिक रूप से संवेदनशील बना दिया. विशेषज्ञों के अनुसार, हाई टाइड के समय समुद्र की ऊंची लहरों के कारण नदियों का बाढ़ का पानी कुशलता से बाहर नहीं निकल पाता है, जिससे कल्याण के निचले और तटीय शहरी इलाकों में भारी जलभराव और बाढ़ की स्थिति गंभीर हो सकती है.
कल्याण में उल्हास नदी खतरे के निशान तक पहुंची
High Alert Kalyan🚨
Ulhasriver just touched the danger mark and is rising at fast speed🔴
City flooding likely as high tide is at 3:50 pm and non stop Heavy Rains to continue⛈️ Evacuation of low lying areas have started pic.twitter.com/Rgg57iaCwV
— Mumbai Nowcast (@s_r_khandelwal) July 6, 2026
संवेदनशील इलाकों से लोगों का रेस्क्यू शुरू
किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए प्रशासन ने अपनी आपदा नीतियों के तहत एहतियाती कदम उठाने शुरू कर दिए हैं. नदी के किनारे और बाढ़ संभावित निचले इलाकों (Low-lying Areas) में रहने वाले नागरिकों को सुरक्षित स्थानों या नगर निगम के अस्थाई शिविरों में स्थानांतरित (Evacuate) करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है.
प्रशासन की अपील: कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका (KDMC) के अधिकारियों ने नदी के पास रहने वाले लोगों से लगातार सतर्क रहने और स्थानीय लाउडस्पीकर व घोषणाओं पर ध्यान देने की अपील की है. लोगों को कड़ाई से निर्देश दिया गया है कि वे जलमग्न रास्तों, पुलों और नदी के किनारों पर तस्वीरें या सेल्फी लेने के लिए बिल्कुल न जाएं.
ऐतिहासिक संदर्भ: 2005 की बाढ़ का रिकॉर्ड
उल्हास नदी का अब तक का सबसे उच्चतम बाढ़ स्तर (Highest Flood Level) 26.162 मीटर दर्ज है, जो 26 जुलाई 2005 को महाराष्ट्र में आई सदी की सबसे विनाशकारी मानसूनी बाढ़ के दौरान पहुंचा था.
यद्यपि वर्तमान जल स्तर उस कूटनीतिक रिकॉर्ड से नीचे है, लेकिन मौसम विभाग (IMD) द्वारा अगले 48 घंटों के लिए जारी किए गए रेड अलर्ट को देखते हुए एनडीआरएफ (NDRF) और स्थानीय बचाव दलों को पूरी तरह स्टैंडबाय पर रखा गया है. किसी भी आपातकालीन स्थिति में नागरिक स्थानीय नियंत्रण कक्ष या आपातकालीन आपदा हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 06, 2026 04:54 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

