जरुरी जानकारी | आरकैप नीलामीः टॉरेंट की याचिका पर एनसीएलटी ने सुरक्षित रखा फैसला
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने कर्ज में डूबी कंपनी रिलायंस कैपिटल के लिए नए सिरे से नीलामी किए जाने के मामले में सोमवार को अपना आदेश सुरक्षित रखा।
मुंबई, 23 जनवरी राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने कर्ज में डूबी कंपनी रिलायंस कैपिटल के लिए नए सिरे से नीलामी किए जाने के मामले में सोमवार को अपना आदेश सुरक्षित रखा।
इसके साथ ही एनसीएलटी की मुंबई पीठ ने कंपनी की ऋणदाताओं की समिति (सीओसी) को अंतिम आदेश जारी होने तक यथास्थिति बरकरार रखने का भी आदेश दिया। न्यायाधिकरण 30 जनवरी से शुरू होने वाले सप्ताह में अपना आदेश पारित करेगा।
न्यायमूर्ति श्याम बाबू गौतम और न्यायमूर्ति प्रदीप नरहरि देशमुख की पीठ ने पिछली नीलामी में सर्वाधिक बोली लगाने वाली कंपनी टॉरेंट इन्वेस्टमेंट्स की याचिका पर सुनवाई पूरी कर ली है। इस याचिका में नए सिरे से नीलामी करने की सीओसी योजना निरस्त करने की मांग की गई है।
टॉरेंट इन्वेस्टमेंट ने दिसंबर में संपन्न ऑनलाइन नीलामी में रिलायंस कैपिटल के लिए सर्वाधिक 8,640 करोड़ रुपये की बोली लगाई थी। अनिल अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस कैपिटल पर लगभग 40,000 करोड़ रुपये का कुल कर्ज है।
कर्ज देनदारियों को चुकाने में नाकाम रहने पर भारतीय रिजर्व बैंक ने रिलायंस कैपिटल के निदेशक मंडल को बर्खास्त करने के साथ ही नागेश्वर राव वाई को प्रशासक नियुक्त कर दिया था। इसके साथ ही कंपनी के खिलाफ दिवाला एवं कर्ज समाधान प्रक्रिया शुरू हो गई थी।
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