जरुरी जानकारी | आरबीआई ने बैंकों के लिए पूंजी जरूरतों को लेकर नये नियमों का प्रस्ताव किया

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बुधवार को बैंकों की न्यूनतम परिचालन जोखिम पूंजी आवश्यकताओं को मापने के लिए मौजूदा व्यवस्था को नये बासेल-तीन मानकों के अनुरूप बदलने का प्रस्ताव किया है।

मुंबई, 15 दिसंबर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बुधवार को बैंकों की न्यूनतम परिचालन जोखिम पूंजी आवश्यकताओं को मापने के लिए मौजूदा व्यवस्था को नये बासेल-तीन मानकों के अनुरूप बदलने का प्रस्ताव किया है।

परिचालन जोखिम से तात्पर्य अपर्याप्त या विफल आंतरिक प्रक्रियाओं, लोगों और प्रणालियों या बाहरी घटनाओं से होने वाले नुकसान के जोखिम से है।

आरबीआई ने बैंकों के लिए अपने विनियमनों को बासेल-तीन मानकों के अनुरूप बनाने के तहत ‘परिचालन जोखिम के लिए न्यूनतम पूंजी आवश्यकताओं पर मूल मसौदा निर्देश’ जारी किया।

केंद्रीय बैंक ने इस बारे में 31 जनवरी, 2022 तक सुझाव मांगे हैं।

आरबीआई का लक्ष्य एक अप्रैल, 2023 से संशोधित मानदंडों को लागू करना है।

इस बीच, एक परिपत्र में आरबीआई ने कहा कि कोई भी भुगतान बैंक या लघु वित्त बैंक जो सरकारी एजेंसी का कारोबार करने का इरादा रखता है, उसे केंद्रीय बैंक के साथ एक समझौता करना होगा। उसके बाद उसे आरबीआई एजेंट के रूप में नियुक्त किया जा सकता है।

केंद्रीय बैंक ने कहा कि यह निर्णय वित्त मंत्रालय के परामर्श से लिया गया है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now