विदेश की खबरें | चुनाव लड़ने पर विचार कर रहे रामास्वामी, ‘एफिशिएंसी’ आयोग में नहीं करेंगे काम
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

विवेक रामास्वामी, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अध्यक्षता वाले इस आयोग का हिस्सा नहीं होंगे जिसके बाद लागत पर लगाम लगाने वाले इस अभियान की सारी की सारी जिम्मेदारी खरबपति एलन मस्क के हाथों में आ गयी है।

ट्रंप के सोमवार को शपथ ग्रहण किये जाने के कुछ घंटों बाद ही अधिकारियों ने इसकी पुष्टि की।

वर्ष 2024 में राष्ट्रपति पद के इच्छुक रहे रिपब्लिकन पार्टी के बायोटेक उद्यमी रामास्वामी ने अगले वर्ष ओहायो के गवर्नर पद के लिए होने वाले चुनाव में उतरने का संकेत दिया है।

सिनसिनाटी के रहने वाले 39 वर्षीय रामास्वामी ने उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की हाल ही में खाली हुई सीनेट सीट में रुचि दिखाई थी। दरअसल ओहायो के गवर्नर माइक डेविन ने वेंस के उत्तराधिकारी के रूप में लेफ्टिनेंट गवर्नर जॉन हस्टेड को चुना है जिस कारण अगले वर्ष यह सीट रिक्त हो रही है।

आयोग की एक प्रवक्ता एना कैली ने एक बयान में बताया, “विवेक रामास्वामी ने डीओजीई को बनाने के लिए हमारी मदद करने में अहम भूमिका निभाई है।’’

उन्होंने बताया, “उनकी (रामास्वामी) जल्द ही चुनाव मैदान में उतरने की इच्छा है, जिसके लिए उन्हें आयोग से बाहर रहना होगा। यह आयोग की संरचना है, जिसे आज (मंगलवार) घोषित किया गया है। हम पिछले दो महीनों में उनके योगदान के लिए उनका बहुत-बहुत धन्यवाद करते हैं और उम्मीद करते हैं कि वह अमेरिका को फिर से महान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।”

ट्रंप ने आयोग की अध्यक्षता के लिए मस्क और रामास्वामी को चुना था। यह आयोग एक गैरसरकारी कार्यबल है, जिसे ट्रंप ने संघीय कार्यकर्ताओं को निकालने, कार्यक्रमों में कटौती करने और संघीय विनियम को कम करने के रास्ते तलाशने के लिए गठित किया गया है।

एपी जितेंद्र नरेश

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