देश की खबरें | पंजाब सरकार ने खेल रत्न के लिये मेरा नामांकन वापस ले लिया, पात्रता के मानदंड पर फिट नहीं: हरभजन
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. अनुभवी ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह ने शनिवार को स्पष्ट किया कि पंजाब सरकार ने इस साल के राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार के लिये उनका नामांकन वापस लेने का फैसला इसलिये किया क्योंकि वह देश के सर्वोच्च खेल सम्मान की पात्रता के मानदंड पर फिट नहीं बैठते।
नयी दिल्ली, 18 जुलाई अनुभवी ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह ने शनिवार को स्पष्ट किया कि पंजाब सरकार ने इस साल के राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार के लिये उनका नामांकन वापस लेने का फैसला इसलिये किया क्योंकि वह देश के सर्वोच्च खेल सम्मान की पात्रता के मानदंड पर फिट नहीं बैठते।
हरभजन ने ट्वीट किया, ‘‘मुझे इतने सारे फोन आ रहे हैं कि पंजाब सरकार ने मेरा नाम खेल रत्न नामांकन से वापस क्यों ले लिया। सच यह है कि मैं खेल रत्न के लिये योग्य नहीं हूं जिसमें मुख्यत: पिछले तीन साल के अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन को देखा जाता है। ’’
चालीस साल के इस क्रिकेटर ने कहा, ‘‘ पंजाब सरकार की इसमें कोई गलती नहीं है क्योंकि उन्होंने सही कारण से मेरा नाम हटाया है। मीडिया में मेरे दोस्तों से अनुरोध करूंगा कि अटकलें नहीं लगायें। ’’
पंजाब के खेलमंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढी ने कहा कि हरभजन का ईमेल मिलने के बाद ही उनका नाम वापिस लिया गया ।
यह भी पढ़े | गुजरात में बड़ा हादसा, ढोलका तहसील में जहरीली गैस के रिसाव की आशंका, 4 लोगों की मौत.
उन्होंने कहा ,‘‘ हमने उनका नामांकन भेजा था लेकिन इससे पहले कि वह चयन समिति के पास जाता, हरभजन ने हमसे नामांकन वापिस लेने के लिये कहा ।’’
उन्होंने कहा ,‘‘ मुझे लगता है कि उन्होंने खेल रत्न के लिये भारत सरकार के मानदंड देखे होंगे । या उन्हें ऐसा कुछ लगा होगा कि वह पात्रता के दायरे में नहीं आते या वह किसी और सम्मान के लिये आवेदन कर रहे हैं । वह हमसे जब भी कहेंगे, हम उनके नाम की अनुशंसा करेंगे क्योंकि वह शीर्ष खिलाड़ी और शानदार इंसान है ।’’
हरभजन को अर्जुन पुरस्कार और पद्म श्री से नवाजा जा चुका है। उन्होंने टेस्ट और वनडे में अंतिम बार 2015 में भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्होंने टेस्ट में 417 और वनडे में 269 विकेट हासिल किये हैं।
पिछले साल खेलरत्न के लिये उनका नामांकन खेल मंत्रालय ने यह कहकर खारिज कर दिया था कि दस्तावेज देर से मिले । उस समय हरभजन ने पंजाब के खेल मंत्री से दखल देने का अनुरोध किया था ।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)