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देश की खबरें | ग्रामीण विकास के 3,622 करोड़ रुपये केंद्र द्वारा ‘रोकने’ के खिलाफ पंजाब विधानसभा में प्रस्ताव पारित

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देश की खबरें | ग्रामीण विकास के 3,622 करोड़ रुपये केंद्र द्वारा ‘रोकने’ के खिलाफ पंजाब विधानसभा में प्रस्ताव पारित

चंडीगढ़, 20 जून पंजाब विधानसभा ने ग्रामीण विकास कोष (आरडीएफ) की 3,600 करोड़ रुपये से अधिक की राशि केंद्र सरकार द्वारा ‘रोकने’ के खिलाफ मंगलवार को एक प्रस्ताव पारित किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने चेतावनी दी कि यदि यह राशि एक सप्ताह के भीतर जारी नहीं की गई तो राज्य सरकार उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाएगी।

पंजाब सरकार ने केंद्र में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली सरकार पर ग्रामीण विकास कोष के 3,622.40 करोड़ रुपये जारी नहीं करने का आरोप लगाया है।

यह प्रस्ताव राज्य के कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुडियां ने पेश किया था।

प्रस्ताव में कहा गया है, ‘‘यह सदन राज्य सरकार से 3,622.40 करोड़ रुपये की रोकी गई आरडीएफ राशि को तुरंत जारी कराने के लिए केंद्र सरकार से संपर्क करने की सिफारिश करता है ताकि पंजाब के किसानों एवं ग्रामीणों के कल्याण के लिए विकास गतिविधियों को निर्बाध जारी रखा जा सके।’’

इसमें कहा गया है, ‘‘भारत सरकार द्वारा पिछले चार सत्रों- खरीफ मौसम 2021-22, रबी मौसम 2022-23, खरीफ मौसम 2022-23 तथा रबी मौसम 2023-24 का ग्रामीण विकास शुल्क जारी न किए जाने के कारण पंजाब के ग्रामीण विकास कार्यों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।’’

मान ने कहा, ‘‘आरडीएफ हमारा अधिकार है, हम भीख नहीं मांग रहे।’’

उन्होंने कहा कि अगर केंद्र एक सप्ताह के भीतर राशि जारी नहीं करता है तो राज्य सरकार उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाएगी।

मान ने आरोप लगाया कि केंद्र, भारत के स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाने वाले राज्य की निधि रोक रहा है। उन्होंने कहा, ‘‘क्या आप आरडीएफ की निधि रोककर हमें डराना चाहते हैं?’’

विधानसभा के दो दिवसीय विशेष सत्र में प्रश्नकाल या शून्यकाल नहीं होने के विरोध में कांग्रेस के सदस्यों ने प्रस्ताव पेश किए जाने से पहले सदन से बहिर्गमन कर दिया।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने सोमवार को कहा कि ‘आप’ सरकार अपने एजेंडे को आगे बढ़ाने और करदाताओं का पैसा बर्बाद करने के लिए दो दिवसीय विशेष सत्र आयोजित कर रही है। उसने सदन की कार्यवाही से दूर रहने के अपने इरादे की भी घोषणा की।

प्रस्ताव में कहा गया है कि विधानसभा पंजाब से खरीदे गए कृषि उत्पादों पर पिछले चार विपणन सत्रों में तीन प्रतिशत के ब्याज सहित ग्रामीण विकास कोष के 3,622.40 करोड़ रुपये रोकने के लिए केंद्र की ‘‘कड़ी निंदा’’ करती है।

मान ने आरोप लगाया कि केंद्र की भाजपा नीत सरकार पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु, दिल्ली, पंजाब और तेलंगाना सहित उन राज्यों को संबंधित राज्यपालों के जरिए परेशान करती है, जहां भाजपा की सरकार नहीं है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के मामले की पैरवी करना और ग्रामीण विकास कोष का मामला केंद्र के समक्ष उठाना राज्यपाल का कर्तव्य होना चाहिए था, लेकिन राजभवन भाजपा के ‘‘मुख्यालय’’ बन गए हैं।

मान ने कहा, ‘‘यह एकमात्र निधि नहीं है जिसे उन्होंने (केंद्र ने) रोका है।’’

उन्होंने मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस पर भी कटाक्ष करते हुए कहा कि उसके सदस्यों ने सदन से बहिर्गमन किया जबकि उन्हें उपस्थित होना चाहिए था और प्रस्ताव का समर्थन करना चाहिए था।

उन्होंने बताया कि शिरोमणि अकाली दल और बहुजन समाज पार्टी के सदस्य और एक निर्दलीय विधायक मौजूद थे तथा उन्होंने प्रस्ताव का समर्थन किया।

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(The above story first appeared on LatestLY on Jun 20, 2023 05:28 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).