देश की खबरें | एहतियाती खुराक पहले लगे टीकों की होनी चाहिए, निजी केंद्र 150 रुपये तक सेवा शुल्क ले सकते हैं :केंद्र

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केंद्र ने शनिवार को राज्यों से कहा कि प्रशासन एहतियाती खुराक कोविड-19 रोधी उसी टीके की देगा, जो उसने पहले दो खुराकों में इस्तेमाल किया था और इसके लिए निजी टीकाकरण केंद्र अधिकतम 150 रुपये का सेवा शुल्क (सर्विस चार्ज) ले सकते हैं।

नयी दिल्ली, नौ अप्रैल केंद्र ने शनिवार को राज्यों से कहा कि प्रशासन एहतियाती खुराक कोविड-19 रोधी उसी टीके की देगा, जो उसने पहले दो खुराकों में इस्तेमाल किया था और इसके लिए निजी टीकाकरण केंद्र अधिकतम 150 रुपये का सेवा शुल्क (सर्विस चार्ज) ले सकते हैं।

केंद्र ने शुक्रवार को घोषणा की थी कि कोविड-19 रोधी टीकों की एहतियाती खुराक 10 अप्रैल से निजी टीकाकरण केंद्रों पर 18 साल से अधिक आयु के प्रत्येक व्यक्ति के लिए उपलब्ध होगी।

दूसरी खुराक लिए नौ महीने की अवधि पूरी करने वाले 18 साल से अधिक आयु के सभी लोग एहतियाती खुराक ले सकते हैं।

केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने यह बताया कि एहतियाती खुराक के लिए कोई नया पंजीकरण कराने की आवश्यकता नहीं होगी क्योंकि पहले ही सभी लाभार्थी ‘कोविन’ मंच पर पंजीकृत हैं।

भूषण ने शनिवार को सभी राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य सचिवों के साथ बैठक की।

बैठक में इस बात पर जोर दिया गया कि सभी टीकाकरण कोविन मंच पर अनिवार्य रूप से दर्ज किए जाए और ‘‘ऑनलाइन अपॉइंटमेंट’’ तथा ‘‘वॉक-इन रजिस्ट्रेशन’, दोनों विकल्प और टीकाकरण निजी कोविड टीकाकरण केंद्र (सीवीसी) पर उपलब्ध होगा।

निजी सीवीसी केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी दिशा निर्देशों के अनुसार टीकाकरण साइट बनाए रखेंगे।

भूषण ने कहा, ‘‘वे टीके की लागत से अधिक टीकाकरण के लिए सेवा शुल्क के रूप में प्रति खुराक अधिकतम 150 रुपये ले सकते हैं। एहतियाती खुराक के लिए उसी टीका का इस्तेमाल किया जाएगा, जो पहली और दूसरी खुराक के लिए इस्तेमाल किया गया था।’’

भूषण ने कहा कि स्वास्थ्य देखभाल कर्मी, अग्रिम मोर्चों के कर्मी और 60 वर्ष या उससे अधिक आयु के नागरिक सरकारी टीकाकरण केंद्रों पर निशुल्क टीकाकारण समेत अन्य टीकाकरण केंद्रों पर एहतियाती खुराक ले सकते हैं।

राज्यों को 12 वर्ष से अधिक आयु की आबादी को पहली और दूसरी खुराक देने के लिए चल रहा निशुल्क कोविड टीकाकारण अभियान तेज करने की भी सलाह दी गई।

डिजिटल माध्यम से हुई इस बैठक में राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य सचिवों, एनएचएम मिशन निदेशकों और अन्य अधिकारियों के साथ ही अतिरिक्त सचिव (स्वास्थ्य) डॉ. मनोहर अगनानी और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

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