देश की खबरें | पीआईआई आईसीआरसी वार्षिक पुरस्कार : पीटीआई के फोटोग्राफर को प्रथम पुरस्कार मिला
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नयी दिल्ली, चार दिसंबर प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (पीटीआई) के फोटोग्राफर मानविंदर वशिष्ठ को कोविड-19 महामारी के दौरान शवदाह गृह कर्मियों के समर्पण एवं साहस की तस्वीर लेने के लिए पीआईआई-आईसीआरसी वार्षिक पुरस्कारों में ‘सर्वश्रेष्ठ तस्वीर’ श्रेणी में प्रथम पुरस्कार मिला है।
प्रेस इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (पीआईआई), चेन्नई और इंटरनेशनल कमेटी ऑफ रेड क्रॉस (आईसीआरसी), नयी दिल्ली ने सर्वश्रेष्ठ आलेख और सर्वश्रेष्ठ तस्वीर के लिए विजेताओं की घोषणा शुक्रवार को डिजिटल माध्यमों से आयोजित कार्यक्रम में की।
वशिष्ठ ने यह सराहनीय तस्वीर जून में ली थी, जब शहर में लॉकडाउन लागू था और लोग अपने घरों से बाहर निकलने में डर रहे थे। तस्वीर में तीन लोग पीपीई सूट पहने हुए और एक व्यक्ति मास्क लगाए हुए नजर आ रहे हैं, जब कोविड-19 के एक मरीज का प्लास्टिक में लिपटा हुए शव निगमबोध घाट स्थित सीएनजी शवदाह गृह में अंत्येष्टि के लिए रखा हुआ था।
वशिष्ठ ने बताया कि मास्क पहने हुए व्यक्ति 55 वर्षीय हरिंदर प्रसाद हैं, जो शवदाह गृह के कर्मी हैं। वह अंत्येष्टि में मृतक के तीन रिश्तेदारों की मदद करते नजर आ रहे हैं।
पीआईआई-आईसीआरसी ने एक बयान में कहा, ‘‘सर्वश्रेष्ठ तस्वीर श्रेणी में पीटीआई के वशिष्ठ को और द न्यू इंडियन एक्सप्रेस के अश्विन प्रसाथ को उनकी तस्वीरों के लिए क्रमश: प्रथम एवं द्वितीय पुरस्कार मिला है। ’’
तृतीय पुरस्कार रिंकू राज के नाम रहा, जो मलयाला मनोरमा से हैं।
पुरस्कारों के 14 वें सत्र की थीम ‘सुपरहीरो : संकट के समय में अग्रिम मोर्च पर लड़ रहे’ थी ।
सर्वश्रेष्ठ आलेख श्रेणी में प्रथम पुरस्कार मैत्री पोरेचा को टीबी पर उनके आलेख के लिए मिला।
प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कारों के विजेताओं को क्रमश: एक लाख रुपये, 70,000 रुपये और 40,000 रुपये दिये गए हैं।
आईसीआरसी, नयी दिल्ली में क्षेत्रीय प्रतिनिधिमंडल प्रमुख याहिया अलीबी ने कहा कि इस साल का पुरस्कार खास मायने रखता है क्योंकि ‘‘हमने सैकड़ों हजारों स्वास्थ्यकर्मियों, रेड क्रॉस के स्वयंसेवियों आदि के प्रति अपना आभार प्रकट किया है। ’’
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