विदेश की खबरें | पाकिस्तानी अदालत में इमरान खान के विदेश जाने पर रोक लगाने संबंधी याचिका दायर
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. इस्लामाबाद उच्च न्यायालय सोमवार को उस याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें अविश्वास प्रस्ताव हारने के बाद सत्ता से बेदखल हुए इमरान खान और उनके मंत्रिमंडल के सदस्यों को विदेश जाने से रोकने के लिए ‘एग्जिट कंट्रोल लिस्ट’ (ईसीएल) में डालने का अनुरोध किया गया है।
इस्लामाबाद, 10 अप्रैल इस्लामाबाद उच्च न्यायालय सोमवार को उस याचिका पर सुनवाई करेगा, जिसमें अविश्वास प्रस्ताव हारने के बाद सत्ता से बेदखल हुए इमरान खान और उनके मंत्रिमंडल के सदस्यों को विदेश जाने से रोकने के लिए ‘एग्जिट कंट्रोल लिस्ट’ (ईसीएल) में डालने का अनुरोध किया गया है।
खान, देश के इतिहास में ऐसे पहले प्रधानमंत्री हो गए जिन्हें शनिवार देर रात अविश्वास प्रस्ताव के जरिए सत्ता से बेदखल कर दिया गया। उन्होंने संसद के निचले सदन नेशनल असेंबली में अविश्वास प्रस्ताव हारने से कुछ देर पहले प्रधानमंत्री का आधिकारिक आवास खाली कर दिया।
‘द न्यूज’ अखबार में प्रकाशित एक खबर के अनुसार, ‘‘इस्लामाबाद उच्च न्यायालय (आईएचसी) पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान और पूर्व मंत्रियों के नाम ईसीएल में रखने का अनुरोध करने वाली याचिका पर सोमवार को सुनवाई करेगा।’’
ईसीएल, पाकिस्तान से विदेश गमन (नियंत्रण) अध्यादेश, 1981 के तहत पाकिस्तान सरकार की सीमा नियंत्रण प्रणाली है। इस सूची में शामिल लोगों को देश छोड़ने की मनाही होती है।
खबर के अनुसार, अदालत कथित धमकी भरे पत्र की जांच का आदेश भी दे सकती है।
मौलवी इकबाल हैदर द्वारा दायर याचिका में कथित धमकी भरे पत्र और खान तथा उनके मंत्रियों के खिलाफ जांच का आदेश देने का अनुरोध किया गया है।
खबर में कहा गया है कि याचिका में अदालत से नेशनल असेंबली के उपाध्यक्ष कासिम सूरी और अमेरिका में पाकिस्तान के राजदूत असद मजीद के साथ-साथ खान सरकार में विदेश मंत्री रहे शाह महमूद कुरैशी और सूचना मंत्री फवाद चौधरी को भी ईसीएल में रखने का अनुरोध किया गया है।
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