देश की खबरें | यात्री ‘प्रयागराज एक्सप्रेस’ और ‘प्रयागराज स्पेशल’ के बीच भ्रमित हो गए इसलिए भगदड़ मची: अधिकारी

नयी दिल्ली, 16 फरवरी नयी दिल्ली रेलवे स्टेशन पर शनिवार को घातक भगदड़ इसलिए मची क्योंकि यात्री ‘प्रयागराज एक्सप्रेस और प्रयागराज स्पेशल’ के बीच भ्रमित हो गए थे तथा वह घोषणा होने के बाद प्लेटफॉर्म बदलने के लिए दौड़ पड़े। अधिकारियों ने रविवार को यह बात कही।

पुलिस विभाग के सूत्रों ने कहा कि प्राथमिक जांच के अनुसार यह भ्रम इसलिए हुआ क्योंकि दोनों ट्रेनों के प्रारंभिक नाम 'प्रयागराज' से घोषणा की गई थी।

रेल मंत्रालय ने कहा कि स्टेशन पर घोषणा हुई कि प्लेटफार्म संख्या 12 पर ‘प्रयागराज स्पेशल’ आएगी, इससे प्लेटफार्म संख्या 14 पर ‘प्रयागराज एक्सप्रेस’ का इंतजार कर रहे यात्री घबरा गए और वे प्लेटफार्म संख्या 12 की ओर दौड़ पड़े जिसके कारण भगदड़ मच गई जिसमें 18 लोगों की जान चली गई।

रेलवे अधिकारियों ने बताया कि ये दोनों अलग-अलग ट्रेन थीं, लेकिन इनके नाम कुछ हद तक मिलते-जुलते थे जिससे लोग इनमें अंतर नहीं कर सके।

उन्होंने कहा कि लोगों को चिंता होने लगा की कहीं उनकी ट्रेन छूट न जाए, इसलिए बड़ी संख्या में लोग सीढ़ियों पर चढ़ने लगे जिससे भगदड़ मच गई।

रेलवे बोर्ड के कार्यकारी निदेशक (सूचना एवं प्रचार) दिलीप कुमार ने कहा, ‘‘महाकुंभ के कारण यहां अभूतपूर्व भीड़ है। पिछले कई दिनों से कई विशेष ट्रेन चलाई जा रही हैं। प्रयागराज एक्सप्रेस प्लेटफॉर्म नंबर 14 पर आने वाली थी और यात्री ट्रेन में चढ़ने के लिए इंतजार कर रहे थे।’’

कुमार ने कहा, ‘‘प्रयागराज एक्सप्रेस को प्लेटफॉर्म संख्या 14 पर आने में कुछ समय बाकी था। इसी बीच एक अन्य ट्रेन--प्रयागराज स्पेशल--के लिए घोषणा हुई कि वह प्लेटफॉर्म नंबर 12 पर आएगी। इस ट्रेन से पहले एक और स्पेशल ट्रेन उस प्लेटफॉर्म से रवाना हो चुकी थी।’’

उन्होंने बताया कि प्लेटफार्म संख्या 14 पर इंतजार कर रहे यात्रियों को लगा कि उनकी ट्रेन प्लेटफार्म संख्या 12 पर आएगी, इसलिए वे एस्केलेटर और सीढ़ियों पर जाने लगे, जिससे भगदड़ मच गई।

मंत्रालय ने मुआवजा राशि के वितरण की सूची भी जारी की जिसके अनुसार 18 लोगों की मौत हुई है और तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं तथा 27 को मामूली चोटें आई हैं।

भगदड़ में घायल हुए 27 लोगों में से 11 को उपचार देकर अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

कुमार ने इस घटना में मारे गए लोगों के परिजनों के प्रति संवेदना जताते हुए कहा, ‘‘उत्तर रेलवे के अधिकारी यात्रियों की इस अभूतपूर्व भीड़ को प्रबंधित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं।’’

इसे पहले दिन में, पुलिस विभाग के एक सूत्र ने दिल्ली पुलिस की प्रारंभिक जांच का हवाला देते हुए बताया था कि स्टेशन पर घोषणा हुई थी कि ‘प्रयागराज स्पेशल’ प्लेटफार्म 16 पर आने वाली है, इसलिए ट्रेन का इंतजार कर रहे लोगों के बीच भ्रम की स्थिति पैदा हो गई क्योंकि प्रयागराज एक्सप्रेस पहले ही प्लेटफार्म 14 पर आ चुकी थी।

उन्होंने यह भी कहा कि अव्यवस्था इस बात से भी बढ़ी कि प्रयागराज जाने वाली चार ट्रेनों में से तीन देरी से चल रही थीं, जिससे अप्रत्याशित रूप से भीड़भाड़ हो गई।

एक प्रत्यक्षदर्शी ने ‘पीटीआई-’ को बताया, ‘‘ट्रेन के नाम और प्लेटफॉर्म में बदलाव के कारण यात्री भ्रमित हो गए जिसके कारण यह हादसा हुआ।’’

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