विदेश की खबरें | परमाणु हथियार सम्पन्न देश अपने शस्त्रागारों को बढ़ा रहे हैं: एसआईपीआरआई

एसआईपीआरआई ने कहा कि परमाणु हथियार सम्पन्न सभी नौ देश अपने शस्त्रागारों को बढ़ा रहे हैं या उसे उन्नत कर रहे हैं।

एसआईपीआरआई के सामूहिक विनाश के हथियार कार्यक्रम के शोधकर्ता और फेडरेशन आफ अमेरिकन साइंटिस्ट में परमाणु सूचना परियोजना के निदेशक हैंस एम. क्रिस्टेंसन ने कहा, ‘‘इस बात के स्पष्ट संकेत हैं कि शीतयुद्ध की समाप्ति के बाद से दिखी वैश्विक परमाणु शस्त्रों में कमी लाने की प्रवृत्ति समाप्त हो गई है।’’

दुनिया के 90 प्रतिशत परमाणु हथियार रखने वाले अमेरिका और रूस के शस्त्र भंडार में वर्षों पहले सैन्य सेवा से हटाये जाने वाले आयुधों को नष्ट किये जाने के कारण 2021 में गिरावट आयी थी।

एसआईपीआरआई ने कहा कि उनके उपयोग योग्य सैन्य भंडार अपेक्षाकृत स्थिर रहे और परमाणु हथियारों में कमी की संधि द्वारा निर्धारित सीमा के भीतर रहे।

अनुसंधान संस्थान ने कहा कि अन्य परमाणु सम्पन्न देश- ब्रिटेन, फ्रांस, चीन, भारत, पाकिस्तान, इज़राइल और उत्तर कोरिया - या तो नयी हथियार प्रणालियां विकसित कर रहे हैं या तैनात कर रहे हैं, या ऐसा करने के अपने इरादे की घोषणा कर चुके हैं।

इज़राइल ने इस तरह के हथियार होने की बात कभी भी सार्वजनिक रूप से स्वीकार नहीं की है।

एसआईपीआरआई के सामूहिक विनाश के शस्त्र कार्यक्रम के निदेशक विल्फ्रेड वान ने कहा, ‘‘सभी परमाणु हथियार सम्पन्न देश अपने शस्त्रागार को बढ़ा रहे हैं या उन्नत कर रहे हैं। यह बहुत ही चिंताजनक प्रवृत्ति है।’’

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)