देश की खबरें | देश का नाम बदलने का अधिकार किसी को नहीं : शरद पवार
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार ने मंगलवार को कहा कि किसी को भी देश का नाम बदलने का अधिकार नहीं है।
जलगांव, पांच सितंबर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार ने मंगलवार को कहा कि किसी को भी देश का नाम बदलने का अधिकार नहीं है।
उनकी यह टिप्पणी कांग्रेस के उस दावे के बाद आई है कि जी-20 रात्रिभोज के निमंत्रण में राष्ट्रपति को ‘प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया’ की जगह ‘प्रेसिडेंट ऑफ भारत’ कहकर संबोधित किया गया है।
पवार ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा बुधवार को बुलाई गई बैठक में उन पार्टियों के प्रमुखों के साथ इस मुद्दे पर विचार-विमर्श किया जाएगा जो विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ का हिस्सा हैं।
राकांपा प्रमुख ने महाराष्ट्र के जलगांव जिले में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘मुझे समझ नहीं आता कि सत्तारूढ़ दल देश से संबंधित नाम को लेकर क्यों परेशान है।’’
यह पूछे जाने पर कि क्या संविधान में ‘इंडिया’ का नाम बदला जाएगा, पवार ने कहा, ‘‘मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है।’’
पवार ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष खरगे ने बुधवार को ‘इंडिया’ गठबंधन के सभी दलों के प्रमुखों की बैठक बुलाई है।
उन्होंने कहा, ‘‘बैठक में इस पर विचार-विमर्श होगा, लेकिन (देश का) नाम बदलने का अधिकार किसी को नहीं है। कोई भी नाम को नहीं बदल सकता।’’
कांग्रेस ने मंगलवार को आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार में 'राज्यों के संघ' पर हमला हो रहा है और दावा किया कि जी-20 रात्रिभोज के निमंत्रण में राष्ट्रपति को ‘प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया’ की जगह ‘प्रेसिडेंट ऑफ भारत’ बताया गया है।
जी-20 शिखर सम्मेलन भारत की अध्यक्षता में नौ से 10 सितंबर तक राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित किया जा रहा है और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन सहित दुनिया भर के कई राष्ट्राध्यक्ष इसमें भाग ले रहे हैं।
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