विदेश की खबरें | मोदी ने प्रशांत द्वीपीय देशों में क्षमता निर्माण के प्रयासों के लिए समर्थन दोहराया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को यहां 14 प्रशांत द्वीपीय देशों के भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग (आईटेक) कार्यक्रम के पूर्व छात्रों से संवाद किया और क्षेत्र में क्षमता निर्माण के प्रयासों के लिए अपने समर्थन को दोहराया।
पोर्ट मोरेस्बी, 22 मई प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को यहां 14 प्रशांत द्वीपीय देशों के भारतीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग (आईटेक) कार्यक्रम के पूर्व छात्रों से संवाद किया और क्षेत्र में क्षमता निर्माण के प्रयासों के लिए अपने समर्थन को दोहराया।
मोदी द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ावा देने के लिए भारत और 14 प्रशांत द्वीपीय देशों के बीच एक अहम शिखर सम्मेलन की मेजबानी करने के लिए पापुआ न्यू गिनी की पहली यात्रा पर यहां आए थे।
उन्होंने हिंद प्रशांत द्वीप सहयोग मंच (एफआईपीआईसी) शिखर सम्मेलन के इतर आइटेक के पूर्व छात्रों से बातचीत की।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘भारत-पीआईसी साझेदारी में क्षमता निर्माण की भूमिका को रेखांकित किया गया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने प्रशांत द्वीपीय राष्ट्रों (पीआईसी) के आईटेक के पूर्व छात्रों से बातचीत की।’’
उन्होंने कहा, ‘‘सरकारी अधिकारी, पेशेवर और समुदाय के नेताओं समेत आईटेक के ये पूर्व छात्र भारत में हासिल किए कौशल का इस्तेमाल कर अपने-अपने समाज में योगदान दे रहे हैं। प्रधानमंत्री ने भारत को अपने दिलों में रखने के लिए उनकी प्रशंसा की तथा क्षेत्र में क्षमता निर्माण के प्रयासों के लिए अपने समर्थन को दोहराया।’’
भारत का आईटेक नेटवर्क कार्यक्रम 1964 में स्थापित किया गया और यह दुनियाभर के देशों को विभिन्न क्षमता निर्माण प्रशिक्षण में पूरी तरह वित्त पोषित हजारों छात्रवृत्तियां देता है।
प्रशांत द्वीपीय देशों में कुक आइलैंड्स, फिजी, किरिबाती, मार्शल आइलैंड्स, माइक्रोनेशिया, नौरू, नीयू, पलाऊ, पापुआ न्यू गिनी, समोआ, सोलोमन आइलैंड्स, टोंगा, तुवालू और वानुआतु शामिल हैं।
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