देश की खबरें | यूजीसी के मसौदा विनियम पर चर्चा के लिए कर्नाटक ने उच्च शिक्षा मंत्रियों का सम्मेलन बुलाया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. कर्नाटक के मंत्री एम सी सुधाकर ने बृहस्पतिवार को कहा कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) विनियम, 2025 के मसौदे पर चर्चा के लिए सभी राज्यों के उच्च शिक्षा मंत्रियों का सम्मेलन 5 फरवरी को बेंगलुरु में आयोजित किया जाएगा।
बेंगलुरु, 23 जनवरी कर्नाटक के मंत्री एम सी सुधाकर ने बृहस्पतिवार को कहा कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) विनियम, 2025 के मसौदे पर चर्चा के लिए सभी राज्यों के उच्च शिक्षा मंत्रियों का सम्मेलन 5 फरवरी को बेंगलुरु में आयोजित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सम्मेलन में राष्ट्रीय शिक्षा नीति, 2020 दस्तावेज के कार्यान्वयन के आधार पर उच्च शिक्षा संस्थानों (एचईआई) की ‘ग्रेडिंग’ पर भी चर्चा की जाएगी।
एक प्रेस विज्ञप्ति में, सुधाकर ने कहा कि सभी राज्यों के उच्च शिक्षा मंत्रियों को सम्मेलन में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि यूजीसी के मसौदा विनियम देश की उच्च शिक्षा प्रणाली के लिए एक बड़ा खतरा है। उच्च शिक्षा विभाग का कार्यभार संभाल रहे सुधाकर ने कहा, ‘‘यह राज्यों द्वारा अब तक वैध रूप से प्राप्त शक्तियों को अत्यधिक सीमित करता है और उच्च शिक्षा में राज्यों के संवैधानिक कर्तव्यों और जिम्मेदारियों को बाधित करता है।’’
प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि नये नियमों के अनुसार, कुलपतियों की नियुक्ति और खोज समिति के गठन का अधिकार पूरी तरह से कुलाधिपतियों को दे दिया गया है तथा राज्य सरकारों को इस प्रक्रिया से पूरी तरह बाहर रखा गया है।
मंत्री ने कहा कि केरल, तमिलनाडु और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के कुछ सहयोगियों सहित कई राज्यों ने पहले ही इन विनियम के बारे में अपना विरोध दर्ज करा दिया है। उन्होंने कहा कि मसौदा विनियम के पक्ष और विपक्ष पर चर्चा करने के लिए सम्मेलन बुलाया जा रहा है।
उन्होंने कहा, ‘‘राज्यों से परामर्श के बिना अपने नियम लागू करने का यह कदम संघीय व्यवस्था में अनुचित है। यह संघीय चरित्र को ख़त्म करता है और इसे वापस लिया जाना चाहिए।’’
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