विदेश की खबरें | कोविड-19 के नोवावैक्स टीके को हरी झंडी देने वाला इंडोनेशिया पहला देश
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. नोवावैक्स ने अपने टीके में वर्तमान में उपयोग में लाये जा रहे टीकों से अलग प्रौद्योगिकी अपनाई है।
नोवावैक्स ने अपने टीके में वर्तमान में उपयोग में लाये जा रहे टीकों से अलग प्रौद्योगिकी अपनाई है।
उसके टीके को अत्यधिक कम तापमान की जरूरत नहीं होगी, जिससे दुनिया के गरीब देशों में इसकी आपूर्ति को बढ़ावा मिलेगा।
नोवावैक्स ने कहा कि उसने ब्रिटेन, यूरोपीय संघ के देशों, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, भारत और फिलीपीन में अपने टीके के आपातकालीन उपयोग की अनुमति देने के लिए आवेदन कर रखा है।
यह टीका दो खुराक वाला है। इसे कोरोना वायरस के आवरण, स्पाइक प्रोटीन की प्रयोगशाला में निर्मित प्रतिकृतियों से बनाया गया है। यह फाइजर और मॉडर्ना जैसे एम-आरएनए टीकों से बहुत अलग है, जो शरीर को अपनी खुद की स्पाइक प्रोटीन बनाने के लिए आनुवंशिक निर्देश देते हैं।
इंडोनेशियाई महामारीविद डिकी बडीमैन ने कहा कि टीके के आपातकालीन उपयोग की अनुमति इंडोनेशिया के कोविड-19 टीकाकरण अभियान के लिए एक अहम उपलब्धि है।
उन्होंने कहा, ‘‘इस टीके का परिवहन, भंडारण और वितरण इंडोनेशिया जैसे देश के लिए काफी आसान होगा, जहां कई द्वीप हैं।’’
इंडोनेशिया में महामारी से अब तक 1,43,000 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।
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