जरुरी जानकारी | अमेरिका की सरकारी प्रतिभूतियों में भारत का निवेश 13 अरब डॉलर बढ़कर 169.9 अरब डॉलर पर

नयी दिल्ली, 26 जुलाई अमेरिकी सरकार की प्रतिभूतियों में भारत का निवेश मई अंत तक 13 अरब डॉलर बढ़कर 169.9 अरब डॉलर तक पहुंच गया। ताजा आधिकारिक आंकड़ों से यह जानकारी मिली है।

इस साल अमेरिकी प्रतिभूतियों में भारतीय निवेश में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। फरवरी में यह 177.5 अरब डॉलर के रिकॉर्ड उच्चस्तर पर पहुंच गया था।

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अमेरिका के वित्त विभाग के आंकड़ों के अनुसार अप्रैल में अमेरिकी प्रतिभूतियों में भारत का निवेश मामूली बढ़कर 157.4 अरब डॉलर पर पहुंचा। उसके बाद मई में यह 13 अरब डॉलर बढ़कर 169.9 अरब डॉलर पर पहुंच गया। मार्च में यह फरवरी के 177.5 अरब डालर के मुकाबले भारी गिरावट के साथ 156.5 अरब डॉलर पर आ गया था।

जनवरी में अमेरिकी प्रतिभूतियों में भारत का निवेश 164.3 अरब डॉलर था। भारतीय रिजर्व बैंक अमेरिकी सरकार की प्रतिभूतियों की खरीद करता है।

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भारत अमेरिकी प्रतिभूतियों का 12वां सबसे बड़ा धारक है जापान इस सूची में 1,260 अरब डॉलर के साथ पहले स्थान पर है। मई के अंत तक अमेरिकी प्रतिभूतियों में चीन का निवेश 1,083 अरब डॉलर था और वह दूसरे स्थान पर था। ब्रिटेन 393.5 अरब डॉलर के साथ तीसरे स्थान पर है।

आंकड़ों के अनुसार, अमेरिकी प्रतिभूतियों में निवेश के मामले में आयरलैंड चौथे स्थान पर हैं उसके बाद क्रमश: ब्राजील, लग्जमबर्ग, हांगकांग, स्विट्जरलैंड, केमैन आइलैंड, बेल्जियम और ताइवान का स्थान है।

अजय

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