जरुरी जानकारी | भारत कृत्रिम मेधा के क्षेत्र में वैश्विक अगुवा बनने के लिये बेहतर स्थिति में: अमिताभ कांत

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नयी दिल्ली, पांच अप्रैल नीति आयोग के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अमिताभ कांत ने सोमवार को कहा कि भारत आज कृत्रिम मेधा (एआई) के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अगुवा बनने के लिये बेहतर स्थिति में है और इसे सभी क्षेत्रों में अपनाये जाने की जरूरत है।

उद्योग मंडल फिक्की के डिजिटल तरीके से आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कांत ने आगे कहा कि सरकार को देश को दुनिया का प्रौद्योगिकी ‘गैराज’ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभानी है।

उन्होंने कहा, ‘‘भारत आज कृत्रिम मेधा के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अगुवा बनने के लिये अच्छी स्थिति में है... हमें विभिन्न क्षेत्रों में कृत्रिम मेधा को अपनाने और उसके उपयोग में तेजी लाने की जरूरत है।’’

कांत ने यह भी कहा कि कृत्रिम मेधा पासा पलटने वाला है और पिछले कुछ साल से नेतृत्व के मामले में उत्प्रेरक का काम कर रहा है।

उन्होंने कहा कि भारत स्टार्टअप परिवेश के मामले में दुनिया में तीसरा सबसे बड़ा देश है। ‘‘हमारे पास प्रतिभा है और अब डेटा प्रणाली कृत्रिम मेधा परिवेश तैयार करने में मददगार होगी।’’

कांत ने कहा कि भारत आज एक डेटा के मामले में धनी देश है। उसे अब इस मामले में और बेहतर बनना चाहिये।

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