विदेश की खबरें | यरुशलम के हरम अल शरीफ/माउंट मंदिर में हो रही हिंसा पर भारत बेहद चिंतित
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. इजराइल और फलस्तीनी चरमपंथियों में बढ़ते तनाव के बीच, भारत ने यरूशलम के हरम अल शरीफ/माउंट मंदिर में हो रही हिंसा और झड़पों के साथ-साथ शेख जर्राह और पड़ोस के सिलवान में हो रहे निष्कासनों पर चिंता जताई है तथा दोनों पक्षों से यथास्थिति को बदलने से परहेज करने की अपील की है।
संयुक्त राष्ट्र, 12 मई इजराइल और फलस्तीनी चरमपंथियों में बढ़ते तनाव के बीच, भारत ने यरूशलम के हरम अल शरीफ/माउंट मंदिर में हो रही हिंसा और झड़पों के साथ-साथ शेख जर्राह और पड़ोस के सिलवान में हो रहे निष्कासनों पर चिंता जताई है तथा दोनों पक्षों से यथास्थिति को बदलने से परहेज करने की अपील की है।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि टी एस तिरुमूर्ति ने ट्वीट किया कि मंगलवार को पूर्वी यरूशलम में इस तनाव के मुद्दे पर हुई संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक में उन्होंने कहा कि “भारत हरम अल शरीफ/ माउंट मंदिर में झड़पों एवं हिंसा पर बेहद चिंतित” है तथा “शेख जर्राह और सिलवान क्षेत्र में हो रहे निष्कासनों पर भी उतना ही चिंतित हैं।”
उन्होंने कहा कि भारत दोनों पक्षों का आह्वान करता है कि वह जमीन पर यथास्थिति को बदलने से बचें। साथ ही कहा कि पुराने शहर में अल जवीया अल हिंदिया- भारतीय आश्रम भी है।
तिरुमूर्ति ने ट्वीट में कहा कि भारत ने गाजा से रॉकेट दागे जाने की भी निंदा की।
भारत ने सभी पक्षों से अंकुश रखने और सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2334 का पालन करने की भी अपील की जो कहता है कि, ‘‘इजराइल द्वारा 1967 से कब्जा किए गए फलस्तीनी क्षेत्र में पूर्वी यरूशलम समेत अन्य बस्तियों की स्थापना की कोई कानूनी वैधता नहीं है और यह अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत घोर उल्लंघन है तथा दो राष्ट्र के समाधान को हासिल करने एवं स्थायी शांति में बड़ी बाधा है।”
तिरुमूर्ति ने इस बात पर भी जोर दिया कि प्रत्यक्ष शांति वार्ताओं को तत्काल फिर से शुरू करने और दो राष्ट्र समाधान को लेकर प्रतिबद्धता जताने की जरूरत है।
संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने भी “कब्जे वाले फलस्तीनी क्षेत्र और इजराइल में गंभीर तनाव’’ को लेकर अत्यंत चिंता व्यक्त की है जिसमें गाजा में पैदा हुआ हालिया तनाव भी शामिल है जो कब्जे वाले पूर्वी यरूशलम में हिंसा और तनाव को और बढ़ाता है।
अधिकारियों के मुताबिक, गाजा से फलस्तीनी चरमपंथियों की ओर से किए गए रॉकेट हमले में इजराइल में 30 वर्षीय भारतीय महिला सौम्या संतोष की मौत हो गई। केरल के इदुक्की जिले की रहने वाली संतोष दक्षिण इजराइल के तटीय शहर एशकेलोन में एक बुजुर्ग महिला की देखभाल का काम करती थी।
भारत में इजराइल के राजदूत रोन माल्का ने भारतीय महिला की मौत पर ट्विटर पर शोक व्यक्त किया।
सोमवार शाम से इजराइल पर गाजा के चरमपंथियों द्वारा दागे गए सैकड़ों रॉकेट में मंगलवार रात नौ बजे तक (स्थानीय समयानुसार) कम से कम 31 लोगों की मौत हो गई।
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