Brain Tumor: दिल्ली के अस्पताल में चिकित्सकों ने मस्तिष्क के ‘ट्यूमर’ को बुजुर्ग मरीज की नाक के रास्ते निकाला
राष्ट्रीय राजधानी के एक निजी अस्पताल के चिकित्सकों ने 62 वर्षीय एक मरीज के मस्तिष्क के ट्यूमर को उसकी नाक के रास्ते निकाल दिया जिससे उसे पहले की तरह दिखने लगा.
नयी दिल्ली, 1 सितंबर : राष्ट्रीय राजधानी के एक निजी अस्पताल के चिकित्सकों ने 62 वर्षीय एक मरीज के मस्तिष्क के ट्यूमर को उसकी नाक के रास्ते निकाल दिया जिससे उसे पहले की तरह दिखने लगा. न्यूरोसर्जरी के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. मोनिक गर्ग ने कहा, ‘‘मरीज को ‘पिट्यूटरी एडेनोमा’ की बीमारी के साथ नांगलोई स्थित ‘उजाला सिग्नस अस्पताल’ में भर्ती कराया गया था. उन्होंने कहा कि ‘पिट्यूटरी एडेनोमा’ एक प्रकार का गैर घातक ट्यूमर है जो मस्तिष्क के आधार पर स्थित पिट्यूटरी ग्रंथि से उत्पन्न होता है. इस ट्यूमर के कारण मरीज की दोनों आंखों की रोशनी काफी हद तक चली गई थी और वह केवल दो मीटर की दूरी तक ही अपनी उंगलियां गिन सकते थे.
अस्पताल में 11 जुलाई को तीन घंटे तक चली सर्जरी के दौरान ट्यूमर को लगभग पूरी तरह से अलग कर दिया गया. उन्होंने कहा कि मरीज को 16 जुलाई को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई. गर्ग ने बताया कि ‘पिट्यूटरी एडेनोमा’ ऑप्टिक तंत्रिकाओं पर दबाव डाल सकता है जिससे आंख की रोशनी को गंभीर हानि पहुंच सकती है. सर्जरी के बाद मरीज छह मीटर की दूरी पर स्थित उंगुलियों को भी गिन सकता है. यह भी पढ़ें : Jammu and Kashmir Assembly Elections: राहुल गांधी 4 सितंबर को करेंगे दो रैलियां
सर्जरी के सफल परिणाम पर टिप्पणी करते हुए ‘उजाला सिग्नस ग्रुप ऑफ हॉस्पिटल्स’ में न्यूरोसर्जरी के वरिष्ठ सलाहकार डॉ. पुनीत कांत ने कहा, ‘‘पिट्यूटरी एडेनोमा अपेक्षाकृत सामान्य है, जो सभी प्रकार के मस्तिष्क ट्यूमर के लगभग 10-15 प्रतिशत मामलों के लिए जिम्मेदार है. ये ट्यूमर अपने आकार और स्थान के आधार पर विभिन्न प्रकार के लक्षण का कारण हो सकते हैं जिनमें हार्मोन संबंधी असंतुलन, सिरदर्द और दृष्टि समस्याएं शामिल हैं.’’
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 01, 2024 04:28 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

