जरुरी जानकारी | जीएक्स ग्रुप ने पिंग कम्युनिकेशन का किया अधिग्रहण
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नयी दिल्ली, 28 मार्च दूरसंचार उपकरण बनाने वाली कंपनी जीएक्स ग्रुप ने यूरोप, पश्चिम एशिया और लैटिन अमेरिका में अपनी उपस्थिति बढ़ाने के लिए स्विट्जरलैंड की ब्रॉडबैंड व फाइबर समाधान प्रदाता पिंग कम्युनिकेशन का अधिग्रहण किया है। कंपनी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
जीएक्स ग्रुप के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) परितोष प्रजापति ने बयान में कहा कि कंपनी पिंग कम्युनिकेशन के मौजूदा खंड को पूरक बनाने के लिए अपने ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों का लाभ उठाएगी। इस तरह लैटिन अमेरिका क्षेत्र में अगले दो वर्षों में राजस्व को पांच करोड़ अमेरिकी डॉलर (करीब 430 करोड़ रुपये) तक बढ़ाएगी।
कंपनी ने हालांकि लेनदेन के वित्तीय विवरण का खुलासा नहीं किया।
उन्होंने कहा, ‘‘ छह महीने बाद, पिंग कम्युनिकेशन जीएक्स ग्रुप का हिस्सा बन जाएगा। पिंग कम्युनिकेशन का वर्तमान राजस्व करीब तीन करोड़ अमेरिकी डॉलर है। अपने ‘मेड इन इंडिया’ उत्पादों के साथ इसके खंड को पूरक बनाकर हम 2026 तक अपने राजस्व को पांच करोड़ अमेरिकी डॉलर तक बढ़ाने की उम्मीद करते हैं।’’
पिंग कम्युनिकेशन नॉर्वे के हेमगार्ड समूह का हिस्सा है।
जीएक्स ग्रुप को पहले जेनेक्सिस के नाम से पहचाना जाता था। इसका परिचालन 2002 में शुरू हुआ और 2013 तक समूचे भारत में अपना कारोबार फैलाया, जब इसने स्वीडन से एरिक्सन का अधिग्रहण किया था।
जेनेक्सिस को 2018 में एक नई ब्रांड पहचान दी गई और इसका नाम बदलकर जीएक्स ग्रुप कर दिया गया।
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