देश की खबरें | प्रणब मुखर्जी के निधन पर राज्यपालों, मख्यमंत्रियों और राज्य के नेताओं ने जताया शोक

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन की खबर सुन पूरा देश में शोक में डूब गया। आम लोगों, विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियों के साथ विभिन्न राज्यों के राज्यपालों, मुख्यमंत्रियों और नेताओं ने मुखर्जी के निधन पर शोक व्यक्त किया और उनके साथ अपने-अपने अनुभवों को याद किया।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, 31 अगस्त पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन की खबर सुन पूरा देश में शोक में डूब गया। आम लोगों, विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियों के साथ विभिन्न राज्यों के राज्यपालों, मुख्यमंत्रियों और नेताओं ने मुखर्जी के निधन पर शोक व्यक्त किया और उनके साथ अपने-अपने अनुभवों को याद किया।

पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा ने मुखर्जी के निधन पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने अपने ट्वीट में कहा, ‘‘ भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन की खबर सुनकर दुखी हूं। दशकों से उनसे संबंध था। मैं हमेशा उनकी बुद्धिमता के साथ कड़ी मेहनत को देखकर प्रशंसा करता था। उनकी आत्मा को शांति मिले।’’

यह भी पढ़े | प्रणब मुखर्जी के निधन पर प्रियंका गांधी ने जताया दुःख, बताया एक कुशल राजनेता: 31 अगस्त 2020 की बड़ी खबरें और मुख्य समाचार LIVE.

उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन ने कहा कि ऐसे महान व्यक्ति का निधन वास्तव में देश के आर्थिक एवं राजनीतिक क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है।

पटेल ने दिवंगत आत्मा की शांति की कामना करते हुए शोकाकुल परिजनों के प्रति गहरी संवेदना एवं सहानुभूति व्यक्त की है।

यह भी पढ़े | Ganpati Visarjan 2020: मुंबई पुलिस ने शहर में 35,000 कर्मियों को तैनात किया, 5000 से अधिक सीसीटीवी से रखी जाएगी निगरानी.

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक ट्वीट कर कहा, ''पूर्व राष्ट्रपति, भारत रत्न प्रणब मुखर्जी जी का निधन राष्ट्र के लिये अपूरणीय क्षति है। वह सार्वजनिक जीवन में शुचिता, पारदर्शिता एवं स्पष्टवादिता की प्रतिमूर्ति थे। परिजनों के प्रति मेरी संवेदनाएं। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को अपने परमधाम में स्थान दें। ॐ शांति!''

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मुखर्जी के निधन पर शोक जताते हुए ट्वीट किया कि देश ने एक महान नेता, विचारक व राजनेता खो दिया। उनका पूरा जीवन देश की सेवा को समर्पित रहा। उनके परिवार व मित्रों के प्रति मेरी संवेदनाए हैं।

तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चन्द्रशेखर राव ने सोमवार को कहा कि उनकी (मुखर्जी) तेलंगाना मुद्दे से विशेष आत्मीयता थी।

उन्होंने कहा कि पृथक तेलंगाना राज्य के गठन के लिए तत्कालीन संप्रग सरकार द्वारा गठित समिति के प्रमुख प्रणब मुखर्जी को तेलंगाना राज्य गठन विधेयक पर हस्ताक्षर करने का सम्मान प्राप्त हुआ।

आंध्र प्रदेश के राज्यपाल बिश्वभूषण हरिचंदन ने मुखर्जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए 13वें राष्ट्रपति के तौर पर उनके योगदान को याद किया।

उन्होंने कहा, ‘‘ प्रणब मुखर्जी प्रखर वक्ता, बुद्धिजीवी, राजनीतिक कौशल वाले बहुत ही मजबूत नेता थे और विभिन्न राजनीतिक पार्टियों में मुश्किल राष्ट्रीय मुद्दों पर सहमति बनाने के लिए जाने जाते थे जो भारत के उदीयमान बहु दलीय लोकतंत्र का हिस्सा है।’’

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएसआर जगन मोहन रेड्डी ने कहा, ‘‘ राजनेता प्रणब मुखर्जी का दुर्भाग्यपूर्ण निधन राष्ट्र के लिए बड़ी क्षति है। पांच दशक तक राष्ट्र की प्रगति में उनके अमूल्य योगदान को हमेशा गर्व से याद किया जाएगा।’’

कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने पांच दशक के राजनीतिक करियर में विभिन्न अहम पदों पर रहते हुए उनके कार्यों को याद किया।

उन्होंने कहा, ‘‘वह दूरदर्शी नेता, सबसे बेहतरीन सांसदों में एक और भारत के महान राजनेता थे। देश के विकास में उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा।’’

पुडुचेरी के मुख्यमंत्री वी नारायाणसामी ने कहा कि मुखर्जी एक सक्षम प्रशासक थे और उन्होंने अपनी क्षमता दोनों जगह केंद्रीय मंत्री और राष्ट्रपति रहते हुए दिखाई।

उन्होंने कहा, ‘‘मुखर्जी एक शिक्षक थे और उनके जाने से एक शून्यता आ गई है।’’

महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने कहा, ‘‘ प्रणब मुखर्जी ने भारत के संसदीय लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए अहम योगदान दिया। उनका निधन, भारतीय लोकतंत्र के ‘भीष्म पितामह’ का निधन है।’’

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने मुखर्जी को महान राजनेता करार दिया।

ठाकरे ने कहा, ‘‘यहां तक कि बाला साहेब ठाकरे ने भी राष्ट्रपति पद के लिए उनका खुले तौर पर समर्थन किया था।

तमिलनाडु के राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने मुखर्जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, ‘‘उनका हर कोई सम्मान करता था। उन्हें भारत की राजनीति और इतिहास की बृहद जानकारी थी और उन्होंने विभिन्न पदों पर रहते हुए पूरी लगन और प्रतिबद्धता से देश की सेवा की।’’

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ई के पलानीस्वामी ने कहा कि मुखर्जी ने उन सभी पदों के लिए सम्मान अर्जित किया, जिन्हें उन्होंने ग्रहण किया। उन्होंने मेहनत से बिना थके आम आदमी के लिए काम किया।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट किया, ‘‘भारत के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन का समाचार सुनकर अत्यंत दु:ख हुआ। आज मां भारती ने अपने एक गुणी और राष्ट्र के लिए समर्पित पुत्र को खो दिया।’’

उत्तराखंड की राज्यपाल बेबी रानी ने शोक संदेश में उन्हें एक असाधारण जन नेता, शिक्षाविद, अर्थशास्त्री, सांसद और प्रशासक बताया और कहा कि उन्होंने अपना सम्पूर्ण जीवन राष्ट्रसेवा में व्यतीत किया।

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा, ' अपने लम्बे सार्वजनिक व राजनीतिक जीवन में उन्होंने गहरी छाप छोड़ी है। वे कुशल प्रशासक और भारतीय राजनीति के शिखर पुरुष थे।'

पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर गहरा शोक व्यक्ति किया और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और कहा कि उनके निधन के साथ एक युग का अंत हो गया है।

ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने पूर्व राष्ट्रपति के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनमें आम सहमति बनाने की असाधारण प्रतिभा थी। राज्यपाल गणेशी लाल ने भी मुखर्जी के निधन पर दुख व्यक्त किया।

त्रिपुरा के मुख्यमंत्री विप्लब देब ने पूर्व राष्ट्रपति के निधन पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने पूर्ण समर्पण से देश की सेवा की। वह लोगों के लिए प्रेरणा हैं।

गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा कि मुखर्जी द्वारा की गई राष्ट्र सेवा एवं व्यतीत किए गए सार्वजनिक जीवन की कोई तुलना नहीं है।

समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ट्वीट कर कहा, ''भूतपूर्व राष्ट्रपति भारत रत्न प्रणब मुखर्जी जी को भावभीनी श्रद्धांजलि! भारत की राजनीति ने आज एक सच्चा रत्न खोया है ।''

बसपा अध्यक्ष मायावती ने ट्वीट कर पूर्व राष्ट्रपति को श्रध्दांजलि देते हुये कहा, ‘‘देश की जानीमानी राजनीतिक हस्तियों में एक पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के इलाज के दौरान आज निधन की खबर अति-दुःखद। उनके शोकसंतप्त परिवार व समर्थकों के प्रति गहरी संवेदना। सौम्य व सभ्य स्वभाव के मुखर्जी के लम्बे राजनीतिक जीवन व देशसेवा समर्पण को हमेशा याद किया जाता रहेगा ।''

राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने शोक जताते हुए कहा कि मुखर्जी के निधन का समाचार सुनकर मन आहत है। राजे ने कहा,' उनका निधन भारतीय राजनीति के लिए न सिर्फ बेहद दुःखद है, बल्कि एक युग की समाप्ति है।'

पूर्व राष्ट्रपति के निधन पर महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री एवं विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष देवेंद्र फडणवीस, उप मुख्यमंत्री अजित पवार ने भी शोक व्यक्त किया।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\