जरुरी जानकारी | सरकार ने गोवा समुद्री समूह बनाने के लिये एमएसएमई इकाइयों को भूखंड आवंटित करने की मंजूरी दी

पणजी, 27 जून गोवा सरकार ने जहाज निर्माण की विश्व स्तरीय सुविधाएं बनाने के उद्देश्य से गोवा समुद्री समूह (मैरीटाइम क्लस्टर) की स्थापना के लिये राज्य के 49 लघु, सूक्ष्म एवं मध्यम उपक्रमों (एमएसएमई) को भूमि आवंटित करने की मंजूरी दे दी है।

गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने इस सप्ताह के शुरू में आयोजित एक समारोह में परियोजना के लिये 14,380 वर्ग मीटर भूखंड इसके आम सुविधा केंद्र की स्थापना के लिये सौंपी।

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यह परियोजना भारत का पहला समुद्री क्लस्टर है। इसे केंद्रीय नौवहन मंत्रालय, नौवहन महानिदेशालय और एमएसएमई मंत्रालय का समर्थन प्राप्त है।

परियोजना के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) सूरज डायलानी ने कहा कि यह गोवा की 49 एमएसएमई इकाइयों का एक संघ है, जिसका सीधा लाभ अन्य 180 इकाइयों को मिल रहा है।

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क्लस्टर का उद्देश्य पोत का डिजाइन तैयार करने वाले, जहाज व नाव बनाने वाले, जहाज की मरम्मत करने वाले और समुद्री उपकरण निर्माताओं के लिये विश्व स्तरीय सुविधाएं तैयार करना है।

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